जीरकपुर। नगर परिषद से हाईवे पर चढ़ने के लिए सोमवार करीब एक बजे एक ऑटो चालक ने चालाकी करनी चाही तो उसका ऑटो मिट्टी व पेड़ में फंस गया और पलटने से बचा। आधे घंटे की मशक्कत के बाद ड्रेनेज लाइन खोद रही जेसीबी की मदद से उसे निकाला गया। ऑटो के फंसने से यहां करीब आधा घंटा जाम लगा रहा और दोपहिया वाहन चालकों को भी जाम का सामना करना पड़ा। बता दें कि नगर परिषद को जाने वाले सड़क पर लंबे अरसे बाद ड्रेनेज लाइन डालने का काम किया जा रहा है। इसलिए चारपहिया वाहनों के लिए रास्ता बंद कर दिया गया है। जगह कम होने के कारण केवल दोपहिया वाहन ही निकल सकते हैं। तीनपहिया वाहन जबरन निकालने के चक्कर में हादसों का शिकार हो रहे हैं।
नगर परिषद से साइन बोर्ड लगाने की मांग
दरअसल यह रास्ता काम चलने की वजह से ऑटो व चारपहिया वाहनों के लिए बंद है। जहां से ऑटो चालक ने ऑटो निकालने की कोशिश की, वहां जगह काफी कम थी। यदि एक तरफ पेड़ न होता ऑटो पलट सकता था। लोगों ने बताया कि इससे पहले भी हादसे होने से टले हैं। जिसके लिए लोग नगर परिषद को भी जिम्मेदार ठहरा रहे हैं। लोगों का कहना है कि नगर परिषद ने यहां किसी तरह का साइन बोर्ड भी नहीं लगाया है। यदि कोई चमकदार पट्टी, कोई साइन बोर्ड या बैरिकेड लगा हो तो लोग सतर्क रहेंगे और हादसा नहीं होगा। लोगों का कहना है कि रात के समय मिट्टी का पता नहीं चलता, जिससे हादसे हो सकते हैं, इसके लिए साइन बोर्ड आदि का होना बेहद जरूरी है। गौरतलब है कि नगर परिषद को जाने वाला यह रोड बेहद व्यस्त रहता है और चारपहिया वाहन चालकों को अपने काम करवाने के लिए लंबा घूमकर जाना पड़ रहा है।
कोट्स
हादसे के बारे में हमें पता नहीं चला है। बाकी साइन बोर्ड हमने लगा रखा है, चमकीली पट्टी या बैरिकेड के बारे में अधिकारियों से बात कर यदि उसकी जरूरत पड़ी तो वह भी लगवा देते हैं। - कुलवंत सिंह, जेई, नगर परिषद जीरकपुर।