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समस्या पशुओं की

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निगम का नोटिस बेअसर, सड़कों पर घूम रहे लावारिस पशु
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नगर निगम के दावों की निकल रही हवा, खुले में छोड़ रहे जानवर
अमर उजाला ब्यूरो
मोहाली।
शहरवासियों को लावारिस पशुओं से दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। नगर निगम की ओर से शहर में घूमने वाले लावारिस पशुओं को पकड़ने का दावा किया जाता है, लेकिन स्थिति इसके ठीक विपरीत है। शहर में अब भी लावारिस पशु झुंड में घूमते दिखाई देते हैं। नगर निगम ने पालतू पशुओं को खुले में छोड़ने पर भी रोक लगा रखा है। इसके बावजूद यहां रिहायशी इलाकों में पशु घूमते दिखाई देते हैं, लेकिन निगम कार्रवाई नहीं करता।
सूत्रों के मुताबिक, निगम के अधिकारी राजनीतिक दबाव के कारण कार्रवाई नहीं कर रहे और इसका नतीजा लोगों को भुगतना पड़ रहा है। यह कार्रवाई सिर्फ कागजों और बयानों तक ही सीमित रह गई है। शहर के कई फेजों और सेक्टरों में हर रोज सुबह और दोपहर में पालतू पशुओं का झुंड दिखाई देता है। एयरपोर्ट रोड पर सुबह-शाम लावारिस पशुओं का जमावड़ा लगा रहता है। इस रोड पर लावारिस पशुओं के कारण कई हादसे भी हो चुके हैं, जिनमें कई लोगों की मौत भी हो चुकी है। इसके बावजूद प्रशासन और नगर निगम कार्रवाई नहीं कर रहा।
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शहर की शॉपिंग स्ट्रीट हो या फेज-6 स्थित सरकारी सिविल अस्पताल, हर जगह लावारिस पशुओं ने अपना अड्डा बना लिया है। रविवार को छुट्टी वाले दिन शहर के प्रमुख सेक्टरों और फेजों में लावारिस और पालतू पशु घूमते दिखे। इन पशुओं के कारण शहर वासियों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। लोगों की मांग है कि लावारिस पशुओं की समस्या का हल जल्द किया जाए।

सेक्टर-68 में बांध कर रखे गए पशु सबसे बड़ी परेशानी
सेक्टर-68 में जहां पर नगर निगम का कार्यालय है। वहां से कुछ दूरी पर रिहायशी इलाके में लोगों के घरों के सामने गांव कुंभड़ा के लोगों द्वारा पशुओं को बांध कर रखा जाता है। इलाका वासियों के लिए यह सबसे बड़ी समस्या है। इससे जहां इलाके में सफाई व्यवस्था पर बुरा असर पड़ रहा है, वहीं गंदगी के ढेर से इलाके में बीमारी फैलने का खतरा बना रहता है। इलाका पार्षद बोबी कंबोज ने बताया कि वह कई बार निगम अधिकारियों और हाउस की मीटिंग में इस मुद्दे को उठा चुके हैं पर कार्रवाई न होने से इलाका वासियों को परेशानी उठानी पड़ रही है।
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तीन माह पहले दिए गए नोटिसों का असर नहीं
निगम कमिश्नर द्वारा निगम की हद में पड़ते गांव कुंभड़ा, शाहीमाजरा, सोहाना, मोहाली, मटौर और मदनपुरा के पशु मालिकों को नोटिस जारी कर किए गए थे। निगम ने लोगों से पालतू पशुओं को निगम की हद से बाहर ले जाने को कहा था। ऐसा न करने पर उनके खिलाफ मामला दर्ज करने की चेतावनी भी दी गई थी, लेकिन अब तक निगम की ओर से कोई कार्रवाई नहीं की गई। इन नोटिसों के बाद भी गांव के लोग अपने पशुओं को बाहर ले जाने के बजाय आपने आसपास के इलाके में छोड़ देते हैं।
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