विजिलेंस की दलीलें नहीं चलीं, आरोपी भेजे जेल
गांव झयूरहेड़ी में जमीन खरीद के नाम पर करोड़ों का घोटाला मामला
अमर उजाला ब्यूरो
मोहाली।
गांव झयूरहेड़ी में जमीन खरीदने के नाम पर हुए करोड़ों के घोटाले के आरोपियों तत्कालीन डीडीपीओ मोहाली और मौजूदा मानसा के एडीसी गुरविंदर सिंह सराओ, बीडीपीओ खरड़ मलविंदर सिंह, ग्राम पंचायत सचिव रविंदर सिंह को रिमांड खत्म होने के बाद वीरवार को पेश किया गया। अदालत में विजिलेंस ने आरोपियों का रिमांड लेने के लिए कई दलीलें दीं, लेकिन जज के सामने सब कमजोर पड़ गईं। इसके बाद अदालत ने सभी आरोपियों को जेल भेज दिया।
वीरवार को दोपहर बाद विजिलेंस वाले आरोपियों को मेन के बजाय दूसरे रास्ते से लेकर सीधे अदालत में पहुंचे। इसके बाद विजिलेंस ने रिमांड के लिए दलील दी कि उक्त पैसे आरोपियों न कहां खर्च किए हैं, इस बारे में पता करना है। आरोपियों के वकील एचएस धनोआ ने इसका सीधा विरोध किया। उन्होंने कहा कि रिमांड लेने के लिए कोई उचित दलील नहीं है। इसके बाद जज ने विजिलेंस से पूछा कि उन्होंने दो दिन में क्या किया है। विजिलेंस ने बताया कि जब वह पूछताछ करते हैं तो आरोपी दूसरे आरोपियों का नाम लेते हैं। ऐसे में जब सभी पकड़े जाएंगे तो सारी स्थिति साफ हो जाएगी। इसके अलावा सभी आरोपियों को सामने आमने-सामने बैठाकर पूछताछ की जाएगी। इसके बाद आरोपियों के वकील ने इस बात का विरोध किया। उनका कहना था कि इस रिमांड का कोई मतलब नहीं है। उनका कहना था कि आरोपी कोई गैंगस्टर नहीं हैं। यह सभी पंजाब सरकार के मुलाजिम हैं। इसके बाद अदालत ने आरोपियों को न्यायिक हिरासत भेज दिया।
जिक्रयोग है विजिलेंस ब्यूरो ने ग्राम पंचायत झयूरहेड़ी द्वारा अलग-अलग स्थानों पर 25 एकड़ से ज्यादा जमीन खरीदने के नाम पर आठ करोड़ की धोखाधड़ी के मामले का पर्दाफाश किया है। इस मामले में पुलिस ने तत्कालीन डीडीपीओ मोहाली व मौजूदा मानसा के एडीसी गुरविंदर सिंह सराओ, बीडीपीओ खरड़ मलविंदर सिंह व ग्राम पंचायत सचिव रविंदर सिंह, सरपंच गुरपाल सिंह, सुरिंदर सिंह उर्फ सुरिंदर खान निवासी मुलेपुर जिला फतेहगढ़ साहिब मोहम्मद सुहेल चौहान निवासी सेक्टर-79 मोहाली, दर्शन सिंह निवासी हल्लोमाजरा यूटी, स्वर्ण सिंह गांव टिवाणा तहसील डेराबस्सी जिला मोहाली व दर्शन सिंह निवासी कंवरपुर जिला पटियाला शामिल है। आरोपियों के खिलाफ धारा 409, 420, 465, 467, 471, 120 बी व करप्शन एक्ट की धारा 13 (1) (डी) व 13 (2) के तहत केस दर्ज किया गया है।