फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कांप्लेक्स में पार्किंग के नाम पर लूट नहीं रुकी

विज्ञापन
विज्ञापन
- पार्किंग में मनमर्जी के रेट वसूल कर काटी जा रही लोगों की जेब
विज्ञापन

- प्रशासन ने लगाए रेट वाले बोर्ड, ठेकेदार ने कागज चिपकाकर शुरू की अवैध वसूली
- पूरा दिन लोगों से लड़ता रहा, डीसी को दी लिखित शिकायत
- लोग बोले-ठेकेदार का ठेका रद्द हो, वरना शुरू करेंगे संघर्ष

अमर उजाला ब्यूरो
मोहाली। सेक्टर-76 स्थित जिला प्रबंधकीय कांप्लेक्स में ठेकेदार द्वारा पार्किंग के नाम पर की जा रही लूट बंद होने का नाम नहीं ले रही है। जिला प्रशासन ने सोमवार को पार्किंग रेट संबंधी बोर्ड लगवाए थे, लेकिन बुधवार को पार्किंग ठेकेदार ने बोर्ड पर अखबार चिपकाकर मनमर्जी के रेट वसूलने शुरू कर दिए। लोगें के विरोध करने पर वह उन्हीं के साथ उलझता रहा। इसी बीच इस मामले को उठाने वाले जतिंदर पाल सिंह जेपी किसी काम से वहां गए तो पार्किंग का ठेकेदार उनसे भी बहस करने लगा। साथ ही धमकियां तक दे डाली। इसके बाद जेपी सिंह ने इस संबंधी एक तरफ डीसी को शिकायत देकर ठेकेेदार के खिलाफ कार्रवाई की मांगी है है तो दूसरी तरफ एसएसपी को शिकायत देकर इंसाफ की गुहार लगाई है।
डीसी को दी शिकायत में जतिंदर पाल सिंह जेपी ने बताया कि वह सुबह 11 बजे के करीब जिला प्रबंधकीय कांप्लेक्स में किसी काम से गए थे। जब वह पार्किंग गेट पर पहुंचे तो उन्होंने देखा कि पार्किंग के रेट लिस्ट वाला बोर्ड अखबार चिपका कर कवर किया हुआ था। उन्होंने जब इस संबंध में पार्किंग में मौजूद व्यक्ति से पूछा तो उसका जवाब था कि तुम पूछने वाले कौन होते हो। जो हमारी मर्जी होगी, वही हम करेंगे। इसके बाद जब उससे पूछा गया कि पार्किंग रेट जीप कार व फोर व्हीलर का रेट दस रुपये लिखा हुआ है। आप बीस रुपये क्यों मांग रहे हो। इस पर उसका जवाब था कि मैं कुछ नहीं जानता इसके साथ ही उसने गलत व्यवहार किया। साथ ही उसके साथ हाथापाई की कोशिश भी की।
विज्ञापन


आरटीआई मांगी थी, अब सिखाएंगे सबक
जतिंदर पाल सिंह जेपी ने कहा ठेेकेदार लोगों से धक्का कर रहा है। उन्होंने कहा कि पार्किंग में मौजूद व्यक्ति ने कहा कि वह चुपचाप वहां से चला जाए। फिर उसने कहा कि तुमने पार्किंग संबंधी आरटीआई मांगी है। इसलिए अब तुम्हें सबक सिखाकर ही रहेंगे।

कार्रवाई न होने से ठेकेदार के हौसले बुलंद
जेपी सिंह का कहना है कि पहले भी उन्होंने डीसी आफिस को इस संबंधी शिकायत की थी। आरटीआई के तहत जानकारी भी मांगी थी, लेकिन कोई उचित जवाब नहीं मिला। दूसरी तरफ ठेकेदार पर कोई कार्रवाई नहीं हुई। ऐसे में उसके हौसले पूरी तरह से बुलंद हैं। उन्होंने कहा कि ठेकेदार पर कार्रवाई हो। साथ ही लोगों के साथ पार्किंग के नाम हो रही अवैध वसूली बंद की जाए।

डीसी को सौंपी ठेकेदार की वीडियो फुटेज
जानकारी के मुताबिक आरोपी ठेकेदार की पोल अब एक वीडियो क्लिप खोलेगी। यह क्लिप भी डीसी को शिकायत के साथ सौंपी गई है। जिसमें ठेकेदार के कारिंदे लोगों से मनमाने रेट वसूलते दिख रहे हैं।

एसडीएम आफिस का मुलाजिम पीटा तो खुली थी नींद
पार्किंग के नाम पर लूट काफी समय से चल रही है। लोग आए दिन शिकायत करते थे, लेकिन कुछ दिन पहले एसडीएम आफिस में तैनात एक मुलाजिम को ठेकेदार के कारिंदों ने पीट दिया था। इसके बाद मामला सोहाना थाने तक पहुंचा था। पूरा दिन ठेकेदार के कारिंदों को थाने में बैठाकर रखा गया था।

बोर्ड पर क्या संदेश लगाए गए हैं
बोर्ड पर लिखा था कि जिला प्रबंधकीय कांप्लेक्स में स्थित दफ्तरों में काम करने वाले अधिकारियों, कर्मचारियों, नंबरदारों, पार्षदों व पत्रकारों से वाहनों की कोई पार्किंग फीस नहीं वसूली जाएगी। वहीं, उनकी गाड़िया बेसमेंट पार्किंग में खड़ी रहेगी। वहीं, जिला प्रबंधकीय कांप्लेक्स साइकिल की पार्किंग फ्री रखी गई है। जबकि स्कूटर व मोटर साइकिल की पार्किंग के लिए पांच रुपये देने होंगे। वहीं, कार व जीप के लिए दस रुपये तक की गई है।

क्या कहते हैं शहर के लोग
इस मामले के एक शिकायतकर्ता बीजेपी पार्षद अशोक झा ने कहा कि प्रबंधकीय कांप्लेक्स में रोजाना एक हजार से अधिक लोग आते हैं। अधिकतर लोग जरूरतमंद होते हैं, लेकिन पार्किंग ठेकेदार द्वारा लूट की जा रही है। जिसे बर्दाश्त नहीं किया जा सकता है। उन्होंने बताया कि पहले उन्होंने शिकायत दी थी। वह शिकायत ही घूमकर दी गई थी। इस मामले को डीसी को गंभीरता से उठाना चाहिए।
विज्ञापन


प्रशासन करे ठेकेदार पर सख्त कार्रवाई हो
उद्योगपति व प्रदेश कांग्रेस के महासचिव राजवंत शर्मा का कहना है कि वह खुद भी बुधवार को प्रबंधकीय कांप्लेक्स में गए थे। उन्होंने भी पार्किंग ठेकेदार द्वारा रेट लिस्ट पर लगाई अखबार देखी थी। उन्होंने कहा कि यह बात गलत है। प्रशासन को पार्किंग ठेकेदार के खिलाफ सख्त कार्रवाई करनी चाहिए। ताकि दोबारा यह स्थिति न पैदा हो।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें