फतेहगढ़ साहिब/अमलोह। अमलोह के गांव रायपुर अराईयां में भारतीय सेना के हवलदार नायक गुरजंट सिंह की भारत-चीन सीमा पर दिल का दौरा पड़ने से मौत हो गई है। गुरजंट सिंह के पिता व पूर्व सैनिक संतोख सिंह ने बताया कि गुरजंट सिंह के शहीद होने की जानकारी शुक्रवार को दोपहर लगभग डेढ़ बजे फोन पर मिली। बेटे की उम्र करीब 35 साल थी और वह 17 साल से फौज में थे। गुरजंट सिंह के दो बच्चे हैं। बेटा सात साल और बेटी 12 साल की है। पिता ने भरे गले से बताया कि बेटे गुरजंट सिंह का सपना देश की सेवा करना था। गुरजंट सिंह के चाचा मास्टर अमरीक सिंह ने बताया कि गुरजंट सिंह में देश सेवा का जज्बा था। गुरजंट सिंह की कमी तो पूरी नहीं होगी, लेकिन उनकी शहादत पर हम गर्व करते हैं। वहीं गुरजंट सिंह के शहीद होने की खबर का पता चलते ही गांव में मातम छा गया और लोग शहीद के घर दुख बांटने के लिए पहुंचे। शिअद हलका अमलोह के इंचार्ज गुरप्रीत राजू खन्ना ने भी परिवार के साथ दुख साझा करते हुए पंजाब सरकार को शहीद के परिवार को आर्थिक मदद देने की मांग की है।