इसके बाद उन्होंने कार का पीछा करना शुरू किया गया। वायरलेस के जरिए अलर्ट जारी किया गया। आरोपी नाके तोड़कर समराला चौक के पास पहुंचा और वहां पुलिस कर्मियों ने रोकने की कोशिश की तो आरोपी ने पुलिस पर कार चढ़ाने का प्रयास किया।
वह बैरीकेड तोड़कर कार लाडोवाल की तरफ भागा। पुलिस ने कार के पिछले शीशे पर लाठी मार कर शीशा तोड़ा लेकिन आरोपी ने गाड़ी नहीं रोकी। जैसे ही कोई पुलिस मुलाजिम या फिर पुलिस वालंटियर आगे आकर गाड़ी रोकने की कोशिश करता तो आरोपी उस पर स्प्रे डाल देता था।
समराला चौक पर नाका तोड़ने के बाद बस्ती जोधेवाल में भी आरोपी ने पुलिस के इशारे पर गाड़ी नहीं रोकी। लाडोवाल पुलिस को भी सूचना मिल गई थी इसलिए वहां ट्रक खड़े कर रोड ब्लाक करवा दी गई। आगे रास्ता न मिलने पर आरोपी ने यू टर्न लेने की कोशिश की लेकिन गाड़ी डिवाइडर पर चढ़ गई और टायर फट गया।
खुद को घिरता देख आरोपी गाड़ी से निकला और पुलिस पर गोली चला दी। किसी तरह खुद को बचा कर थाना प्रभारी एसआई बलविंदर सिंह ने जवाबी फायरिंग की। गोली आरोपी की जांघ पर लगी और इसके बाद उसे काबू कर लिया गया।
आरोपी ने पांच बड़े नाके तोड़े, जिसमें समराला चौक का नाका सबसे मजबूत था। पुलिस कमिश्नर के अलावा एसीपी ट्रैफिक गुरदेव सिंह, एसीपी पूर्वी दविंदर चौधरी समेत ट्रैफिक पुलिस कर्मचारी भी उसका पीछा कर रहे थे।
गाड़ी पर लगा था जाली कर्फ्यू पास
पुलिस ने गाड़ी की चेकिंग की तो 315 बोर का देसी कट्टा, दो कारतूस, एक खोल और दस ग्राम नशीला पदार्थ बरामद हुआ। आरोपी की गाड़ी पर जो कर्फ्यू पास लगा हुआ था वह भी जाली निकला। पुलिस कमिश्नर ने बताया कि आरोपी के साथ उसकी गाड़ी में एक साथी भी मौजूद था।
वह कौन है और कहां से बैठा था, इसके बारे में जांच की जा रही है। आरोपी के पिछले रिकॉर्ड को भी पुलिस चेक कर रही है। बताया जा रहा है कि कार किसी पेट्रोल पंप मालिक की है। आरोपी उसी के पास काम करता है और नशे की हालत में गाड़ी चला रहा था।
पुलिस आरोपी सुखविंदर सिंह को लेकर ईएसआई अस्पताल पहुंची जहां से उसे डीएमसी अस्पताल रेफर कर दिया। आरोपी की हालत गंभीर है। ऑपरेशन के बाद गोली निकाली जाएगी। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि आरोपी देसी कट्टा कहां से लाया।