लुधियाना में प्रदर्शन करते ज्वेलर।
- फोटो : अमर उजाला
केंद्रीय बजट में एक फीसदी सेंट्रल एक्साइज ड्यूटी लगने के विरोध में दो मार्च से आंदोलन कर रहे ज्वेलर्स ने अब अपनी हड़ताल अनिश्चितकाल के लिए आगे बढ़ा दी है।
ज्वेलर्स ने साफ किया है कि जब तक सरकार ड्यूटी वापस नहीं लेती, देश भर में सोने, हीरे के आभूषण कारोबारियों की दुकानें बंद रहेंगी। सोमवार को पंजाब ज्वेलर्स एंड स्वर्णकार फेडरेशन के बैनर तले कारोबारियों ने फव्वारा चौक पर आंख, नाक और कान पर पट्टियां बांधकर विरोध जताया और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की। मंगलवार से एसोसिएशन के पांच सदस्यों का जत्था रोजाना दिन भर भूखहड़ताल पर रहेगा।
सेंट्रल एक्साइज ड्यूटी लगने के बाद से देश भर के सराफा कारोबारी रोजाना केंद्र की एनडीए सरकार के खिलाफ आवाज बुलंद कर रहे हैं। छह दिन की हड़ताल में अब तक देश भर के सराफा कारोबारियों को दस हजार करोड़ के कारोबार की चपत लग चुकी है, जबकि करीब एक हजार करोड़ के राजस्व का सरकार को भी नुकसान हुआ है। पंजाब में पिछले छह दिनों के दौरान साठ करोड़ रुपये का सराफा कारोबार प्रभावित हुआ है।
पंजाब ज्वेलरी एवं स्वर्णकार फेडरेशन के प्रधान आनंद सीकरी और महासचिव मनोज ढांडा का कहना है कि अब सेंट्रल एक्साइज ड्यूटी वापस कराने के बाद ही सराफा दुकानें खुलेंगी। इसके लिए कारोबारी लंबी लड़ाई लड़ने के लिए भी तैयार हैं। इस अवसर पर सरजीवन धीर, विनीत ढांडा, शिव धीर और सतीश धीर समेत कई कारोबारी मौजूद रहे।