पंजाब के लुधियाना बाप-बेटे ने गुंडागर्दी दिखाते हुए पुलिस चौकी में घुसकर खूब बवाल किया। कमिश्नरेट पुलिस के थाना डिवीजन तीन के अधीन आने वाली पुलिस चौकी धर्मपुरा में घुसकर तोड़फोड़ की। इस दौरान चौकी इंचार्ज एएसआई जसविंदर सिंह का सिर फूट गया। हमलावरों ने चौकी में तैनात कांस्टेबल लक्की शर्मा की वर्दी तक फाड़ डाली। घटना शनिवार देर रात की है।
इतना ही नहीं आरोपियों ने मुंशी के साथ भी हाथापाई की और चौकी का गेट तोड़कर सामान को भी नुकसान पहुंचाया। हालात यह बन गए कि लोगों की रक्षा करने वाली पंजाब पुलिस के मुलाजिमों को वहां से एक बार भागकर अपनी जान बचानी पड़ी।
मुलाजिमों ने तुरंत इसकी जानकारी उच्चाधिकारियों को दी। इसके बाद कई थानों की पुलिस फोर्स और उच्चाधिकारी मौके पर पहुंचे। तब तक हमलावर वहां से फरार हो चुके थे। मामले में पुलिस ने सरबजीत सिंह, हरसिदक सिंह, हर्षदीप सिंह, कमलजीत सिंह, साहजप्रीत सिंह के साथ-साथ अज्ञात के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। उधर, एएसआई जसविंदर सिंह को इलाज के बाद छुट्टी दे दी गई है। पुलिस आरोपियों का पता लगाने में जुटी है।
चौकी इंचार्ज एएसआई जसविंदर सिंह ने बताया कि पुलिस पार्टी के साथ नाकाबंदी कर रखी थी। इलाके में एक दो स्नैचिंग की वारदातें हुई थी। इस कारण वाहनों की चेकिंग चल रही थी। सरबजीत सिंह और उनका बेटा हरसिदक सिंह एक्टिवा पर जा रहे थे। पुलिस ने उन्हें रोक लिया और कागजात चेक कराने की बात की। इसी दौरान दोनों पिता पुत्र बहस करने लगे। मुलाजिमों ने उन्हें सिर्फ कागजात दिखाने और फिर जाने को कह दिया। जब दोनों नहीं माने तो पुलिस दोनों को चौकी में ले गई और पूछताछ करनी चाही। इतने में आरोपी हरसिदक चौकी से बाहर भाग गया।
कुछ देर बाद वह कुछ लोगों को साथ लेकर आया, जिन्होंने चौकी के बाहर हंगामा किया। चौकी के बाहर बड़ी संख्या में वाहनों का जाम लग गया। देखते ही देखते उन्होंने चौकी पर हमला कर दिया। भीड़ में किसी व्यक्ति ने उनके माथे पर कोई तेजधार चीज मारी, जिससे उनका माथा फट गया। आरोपियों ने कांस्टेबल लक्की शर्मा के साथ मारपीट की और उसकी वर्दी फाड़ दी। उसके बाद आरोपियों ने चौकी का दरवाजा तोड़ दिया। चौकी के बाहर पड़े गमले तक हमलावरों ने तोड़ दिए। जाने से पहले आरोपियों ने मुंशी के साथ भी मारपीट की और उसके सामान को भी तोड़-फोड़ दिया।
पुलिस पर भी मारपीट के आरोप
दूसरी तरफ आरोपी हरसिदक ने कहा है कि वह अपने पिता सरबजीत सिंह के साथ अपनी दुकान बंद कर घर जा रहा था। पुलिस कर्मचारियों ने उन्हें सड़क पर रोक लिया। उनसे कहा कि एक्टिवा धीरे चलाओ। हरसिदक के मुताबिक उनकी एक्टिवा काफी धीरे थी। तीन पुलिस कर्मचारियों ने उन्हें रोका। हरसिदक ने आरोप लगाया कि उन पुलिस कर्मचारियों ने शराब पी हुई थी। हरसिदक ने बताया कि उसके पास वीडियो है, जिसमें पुलिस कर्मचारी खुद मान रहे हैं कि उन लोगों ने शराब पी हुई है। हरसिदक ने कहा कि पुलिस कर्मचारियों ने उसके पिता सरबजीत सिंह के थप्पड़ मारा। उन लोगों ने मेरी पगड़ी भी उतारी। पुलिस ने डंडों से पिटाई कर उसे और उसके पिता को चौकी में धकेला। पुलिस झड़प में उसका मोबाइल भी टूट गया।
क्या कहते हैं एसएचओ
थाना डिवीजन तीन के एसएचओ इंस्पेक्टर अमृतपाल सिंह ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है। आरोपियों की तलाश में छापामारी शुरू कर दी गई है। जल्द ही आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया जाएगा।