दो दिन पहले दो युवकों के बीच हुए मामूली विवाद ने बुधवार को खूनी संघर्ष का रूप ले लिया।
दो
दिन बाद पंचायत घर में समझौते के लिए बैठे दोनों पक्षों में से एक ने हमला
कर दिया। इस दौरान हुई मारपीट में 11 लोग घायल हो गए। सरपंच और पंचों ने
किसी तरह भागकर जान बचाई। मारपीट के बाद हमलावर वहां से भाग खड़े हुए।
सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और घायलों को सिविल अस्पताल पहुंचाया।
गांव
लक्खोवाल के सरपंच परमजीत सिंह, गुरजीत सिंह व अन्य लोगों ने बताया कि दो
दिन पहले लंगर बांटने को लेकर गांव के ही दो युवकों गुरजीत सिंह और
गुरप्रीत सिंह में मामूली विवाद हो गया था। दोनों ने पुलिस में शिकायत दी
थी लेकिन बार-बार आग्रह करने के बाद बुधवार को पंचायत दोनों को समझौता
करवाने के लिए पंचायत घर में जुटी थी। इस दौरान दो कारों में लाठियों व
डंडों से लैस होकर आए लोगों ने हमला कर दिया।
मारपीट में जसबीर
सिंह(35), गुरजीत सिंह (30), गुरतेज सिंह (22). गुरदीप सिंह (18), सुखदेव
सिंह (50), जतिंदर कौर (30) घायल हो गए। गुरदीप सिंह की हालत गंभीर है।
सरपंच
लक्खोवाल ने बताया कि हमलावरों ने अचानक धावा बोल दिया जिससे वह और समझौता
करवाने गए लोगों को भागकर जान बचानी पड़ी। पीड़ित पक्ष के बहादुर सिंह,
कुलदीप सिंह, एकमजीत सिंह, दविंदर सिंह, करनैल सिंह, मलकीत सिंह ने अस्पताल
में बताया कि हमला करने आए ज्यादातर अज्ञात लोगों में से कुछ की पहचान कर
पुलिस को बता दिया गया है। इन लोगों ने हमले की प्लानिंग पहले कर उनको
समझौते के लिए पंचायत घर बुलाया और मारपीट करने के बाद जान से मार देने की
धमकियां देकर चलते बने।