भ्रष्टाचार के मामले में थानेदार और मुंशी पर केस दर्ज
कार्रवाई के लिए एसएसपी कर रहे विजिलेंस के दस्तावेजों का इंतजार
जैसे ही कागजात मिलेगें दोनों को करेगें सस्पेंड: एसएसपी
अमर उजाला ब्यूरो
बठिंडा। शहर निवासी एक युवक को झूठे केस में फंसाने की धमकी देकर रिश्वत लेने के आरोपी एएसआई व थाने के मुंशी पर विजिलेंस ब्यूरो बठिंडा ने वीरवार को देर शाम भ्रष्टाचार के आरोप में नामजद किया है। दोनों की पहचान एएसआई गुरमेल सिंह, मुंशी हेड कांस्टेबल कश्मीर सिंह के तौर पर हुई है। विजिलेंस की ओर से अपने खिलाफ कस दर्ज होने का पता चलते ही दोनों आरोपी भूमिगत हो गए। वहीं दूसरी तरफ बठिंडा के एसएसपी नवीन सिंगला आरोपियों पर दर्ज हुए विजिलेंस केस के कागजातों का इंतजार कर रहे हैं। एसएसपी का कहना था कि जैसे ही कागजात उनके पास आएंगे वह फौरन दोनों पुलिस वालों को सस्पेंड कर देंगे।
जानकारी के अनुसार विजिलेंस बठिंडा के पास दी शिकायत में रणजीत सिंह ने बताया कि एक वह अपने दोस्त की एक फाइनेंस कंपनी में लोन न भरने वाले डिफाल्टर लोगों की गाड़ियों को रिकवर करने का कार्य करता है। उसने बताया कि एक ट्रक मालिक ने उनकी कंपनी की किश्तें अदा नहीं की तो वह नवंबर 2017 में उक्त ट्रक को शहर के ट्रांसपोर्ट नगर से अदालत के आदेशों पर रिकवर कर लाए थे। जिसके बाद ट्रक मालिक ने कंपनी मालिक सतिंदर सिंह और रणजीत सिंह के खिलाफ थाना थर्मल पुलिस के पास शिकायत कर दी। जहां उस समय के थाने के एएसआई गुरमेल सिंह व मुंशी कश्मीर सिंह ने कंपनी मालिक व शिकायतकर्ता को थाने बुला लिया और झुठा केस दर्ज करने का डरावा देकर उनसे दस हजार रुपये रिश्वत की मांग की। शिकायतकर्ता ने बताया कि सौदा पांच हजार रुपये में तय हो गया था। उसने बताया कि जब उसने दो हजार रुपये एएसआई गुरमेल सिंह को और 500 रुपये मुंशी कश्मीर सिंह को दिए तो उसने उन दोनों की फोन में रिकार्डिंग कर ली थी। सिंह ने बताया कि इस रिकार्डिंग के आधार पर उसने दोनों पुलिस वालों के खिलाफ विजिलेंस ब्यूरो बठिंडा के पास शिकायत कर दी थी ।
विजिलेंस ब्यूरो बठिंडा के एसपी भूपिंदर सिंह ने बताया कि शिकायत मिलने के बाद विजिलेंस की तरफ से छह माह तक लंबी जांच की गई। जिस के बाद दोनों आरोपी पुलिस वालों के खिलाफ भ्रष्टाचार एक्ट के तहत केस दर्ज किया गया। उन्होंने बताया कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए विजिलेंस की तरफ से प्रयास किए जा रहे हैं।
इस संबंधी बठिंडा एसएसपी नवीन सिंगला का कहना था कि उन्हें सिर्फ उक्त मामले के बारे में पता चला है पर उनके पास कागजात कोई नही आया । एसएसपी ने दावा किया कि जैसे ही उनके पास विजीलेंस की तरफ से कागजात आ जाएगें उसके बाद दोनों आरोपी पुलिस वालों को सस्पैंड कर दिया जाएगा ।
मामला दर्ज होने का पता चलते ही दोनों आरोपी भूमिगत हो गए । आरोपी हैड कांस्टेबल तो पांच दिन की छुटटी लेकर ही फरार हो गया ।