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डिप्श्टी डीईओ व एलए के लिए 70 हजार रूपए रिश्वत लेता क्लर्क एमएलए बैंस ने दबोचा

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एमएलए बैंस ने रिश्वत लेते क्लर्क को दबोचा
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डिप्टी डीईओ और एलए के नाम पर 70 हजार रुपये लेने का आरोप
अमर उजाला ब्यूरो
लुधियाना।
लोक इंसाफ पार्टी के प्रमुख एवं एमएलए सिमरजीत सिंह बैंस ने शिक्षा विभाग के एक क्लर्क को 70 हजार रुपये रिश्वत के साथ पकड़ने का दावा किया है। एमएलए बैंस के अनुसार शिक्षा विभाग के कुछ अधिकारी पहले स्कूलों के खिलाफ फर्जी शिकायतें कराते है। फिर शिकायत को बंद करने के लिए मांगी गई रिश्वत की रकम को मातहत कर्मियों की मदद से एकत्रित करते है।
उन्होंने बताया उनके पास पक्खोवाल रोड के जीपीएल एकैडमी से संबंधित जसप्रीत सिंह ने शिकायत की गई थी कि विभाग के एक अधिकारी की ओर से उनके स्कूल की शिकायत को बंद करने के बदले 50 हजार रुपये रिश्वत मांगी जा रही है। रिश्वत की रकम न चुकाने पर उन पर बीस हजार और जुर्माना लगा कर रिश्वत की रकम को 70 हजार रूपये कर दिया गया। बैंस के अनुसार आज जब उनकी टीम ने शिकायतकर्ता जसप्रीत सिंह को नोटों के नंबर लिखकर रिश्वत के 70 हजार रुपये देकर भेजा।
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क्लर्क अमित मित्तल ने ईएसआई अस्पताल के निकट शिकायतकर्ता को ले जाकर रिश्वत की रकम ले ली। बकौल एमएलए बैंस उन्होंने मौके पर जाकर अमित मित्तल की जेब में पड़ी 70 हजार रूपये की रकम को बरामद कर लिया और रकम को शिकायतकर्ता को मौके पर ही वापस दिलाया। इसके साथ ही काबू किए गए क्लर्क अमित मित्तल को सरकारी स्कूल में बने आफिस में ले गए।
शिकायतकर्ता जसप्रीत सिंह ने बताया कि उनका पक्खोवाल रोड पर जीपीएल एकैडमी नाम से स्कूल है। इसमें गरीब वर्ग के 107 बच्चे पढ़ते है। पहले इन्होंने दो फर्जी पत्रकारों से डीईओ आफिस में शिकायत करवाई और फिर इस शिकायत को बंद करने के लिए डिप्टी डीईओ लुधियाना कुलदीप सिंह व लीगल एडवाइजर हरविंदर सिंह ने उनसे 70 हजार रूपये रिश्वत मांगी।
इस बारे में फर्जी पत्रकारों की पुलिस स्टेशन में शिकायत भी की लेकिन उन पर कोई कार्रवाई नहीं की गई। उसके बाद भी उन पर दबाव और बना दिया गया। डिप्टी डीईओ ने उनके स्कूल में दो बार विजिट भी किया। क्लर्क अमित मित्तल ने बैंस से माफी मांगते हुए कहा कि उनका इसमें कोई रोल नहीं है और उसने डिप्टी डीईओ व एलए के लिए पैसे ही लिए है। मौके पर एमएलए बैंस ने एजुकेशन विभाग के सैक्रेटरी कृष्ण कुमार से फोन पर बातचीत करनी भी चाही लेकिन मौके पर उपलब्ध नहीं हो सके। एमएलए बैंस ने इस पूरे प्रकरण को सोशल मीडिया साइट् फेसबुक पर लाइव किया।
‘स्टिंग की आडियो -वीडियो रिकार्डिंग मौजूद’
बैंस ने कहा कि उन्होंने पूरे प्रकरण का स्टिंग भी किया है और उनके पास आडियो -वीडियो रिकार्डिंग है। उन्होंने कहा कि वह इस मुद्दे को विधानसभा में भी उठाएंगे। उन्होंने लोगों से भी अपील की कि कहीं भी पंजाब में अगर उनसे रिश्वत मांगता है तो वह उनसे संपर्क करे। बैंस ने बाद में पत्रकारों को बताया कि शिक्षा विभाग के सेक्रेटरी कृष्ण कुमार ने उन्हें कार्रवाई का भरोसा दिया है।
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रिश्वत प्रकरण से कोई लेना देना नहीं: अफसर
एलए हरविंदर सिंह ने बताया कि वह डिप्टी डीईओ कुलदीप सिंह के साथ स्कूल में चेकिंग करने के लिए गए थे। स्कूल को बंद करने संबंधी कहा गया था। पैसों के बारे में उन्हें न कोई जानकारी है न ही इनसे कोई लेना देना है। वहीं डिप्टी डीईओ कुलदीप सिंह ने बताया कि करीब चार महीने पहले स्कूल की शिकायत आई थी, जिसकी रिपोर्ट बीपीओ लुधियाना -2 ने बना कर भेजी थी। उसके आधार पर वीरवार को स्कूल की चेकिंग की गई। चेंकिंग के बाद स्कूल को बंद करने के लिए कह दिया गया था। पैसे के लेनदेन से उनका कोई संबंध नहीं है। डीईओ एलीमेंट्री जसप्रीत कौर ने बताया कि इस बारे में उन्हें कोई जानकारी नहीं है। वह चंडीगढ़ मीटिंग में है । इस संबंधी जांच की जाएगाी और जांच के बाद ही अगली कार्रवाई की जाएगी।
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