पति से परेशान हो झगड़ा कर आई थी मायके, फिर बेटे को छोड़ गई नीलो नहर
पति के खिलाफ आत्महत्या के लिए मजबूर करने का मामला दर्ज
अमर उजाला ब्यूरो
लुधियाना। पति से परेशान होकर मोती नगर इलाके में रहने वाली मोनिका ने 10 मार्च को अपने पिता को फोन लगाया और राहगीर को पकड़ा कर नहर में कूद गई। राहगीर जब तक कुछ समझ पाता उसने फोन पर विवाहिता के पिता को बता दिया कि जिस महिला का फोन है वह नहर में कूद गई है। इसके बाद परिजन चंडीगढ़ रोड स्थित नीलो नहर पर पहुंचे। उन्होंने इसकी शिकायत मोती नगर थाना पुलिस को दी। पुलिस ने ताजपुर रोड स्थित विजय नगर के रहने वाले सुरिंदरपाल की शिकायत पर मोतीनगर स्थित महिंद्रा कालोनी निवासी दिलबाग सिंह के खिलाफ आत्महत्या के लिए मजबूर करने का मामला दर्ज किया है। पुलिस आरोपी की तलाश में जुटी है। अभी विवाहिता का शव बरामद नहीं हुआ है।
जांच अधिकारी एसआई रछपाल सिंह ने बताया कि मोनिका की शादी करीब 13 साल पहले दिलबाग के साथ हुई थी। दोनों के तीन बच्चे भी थे। कुछ समय से दोनों के बीच विवाद चल रहा था। मोनिका नौकरी करना चाहती थी लेकिन दिलबाग उससे काम नहीं कराना चाहता था। कुछ दिन पहले मोनिका दिलबाग के साथ झगड़ा कर मायके चली गई। वह दोनों बेटियों को दिलबाग के पास छोड़ गई जबकि बेटे को अपने साथ ले आई। कुछ दिन पिता के पास रहने के बाद मोनिका ने पिता से कहा कि वह बेटे को भी वहां छोड़ना चाहती थी। पिता ने कहा कि वह खुद ही जाकर छोड़ आए।
दस मार्च को मोनिका घर से बेटे को लेकर अपने ससुराल गई और बेटे को छोड़ने के बाद वह नीलो नहर चली गई। वहां अपने मोबाइल से पिता को फोन मिलाया और राहगीर को पकड़ा दिया। जब तक राहगीर कुछ समझ पाता मोनिका नहर में कूद गई। फोन पकड़ने वाले राहगीर ने मोनिका के पिता को बताया कि वह नहर में कूद गई है। इसके बाद वह वहां पहुंचे। एसआई रछपाल सिंह ने बताया कि एक सप्ताह बीतने के बावजूद अब तक मोनिका का शव बरामद नहीं हुई है। दिलबाग के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया गया है। जब तक मोनिका का शव नहीं मिलता दिलबाग को गिरफ्तार नहीं किया जा सकता। शव की तलाश की जा रही है।