कपूरथला। थाना फत्तूढींगा में घुसकर एसएचओ से धक्कामुक्की करने के बाद मुंशी की वर्दी फाड़ने का मामला सामने आया है। थाना फत्तूढींगा की पुलिस ने मुंशी के बयान पर चार आरोपियों को गिरफ्तार करने के साथ 7-8 लोगों को आरोपी बनाया है। गिरफ्तार आरोपियों को जूडीशियल कस्टडी में भेज दिया गया है। थाना फत्तूढींगा के मुंशी गुरविंदर सिंह ने बताया कि एक हादसे के मामले में जालंधर के निजी अस्पताल में भर्ती घायल महिला की 10 दिसंबर को मौत हो गई। इसकी कार्रवाई एएसआई परमजीत सिंह कर रहे थे। 11 दिसंबर को मृतक महिला दर्शन कौर के पति मंगा सिंह ने गण्यमान्य लोगों के साथ थाने में आकर अपना हलफिया बयान की फोटो कापी पेश करते हुए बताया कि उसकी पत्नी दर्शन कौर की मौत अचानक अपने घर से बाहर निकलने पर रोड पर आती गाड़ी से टकराने से हुई थी। मुंशी ने बताया कि अभी थाने में इस बारे में बातचीत ही चल रही थी कि शाम पौने पांच बजे अचानक थाने के अंदर 10-12 लोग दाखिल हुए और आते ही गाली-गलौज करने लगे। जब उसने इन लोगाें को गाली-गलौज करने से रोका तो इनमें से सतनाम सिंह और उसके बेटे गुरबाज सिंह निवासी डडविंडी ने ललकारा मारा कि पकड़ लो इसको, हमें रोकने का इसे मजा चखा दो। फिर इन दोनों के साथ आए दारा निवासी दबूलियां, जसकरण सिंह निवासी बिलगा और सात-आठ अज्ञात लोगों ने उसे पकड़ लिया और वर्दी फाड़ दी। उसे खींचकर थाने से बाहर ले जाकर कहने लगे कि पुलिस को भी पता लगे कि कैसे किसी की मौत होती है। थाने के बाकी मुलाजिम समेत एसएचओ उसे छुड़ाने के लिए आए तो उक्त लोगों ने एसएचओ के साथ भी धक्का-मुक्की और उनकी वर्दी को भी हाथ डाला, जिससे उनकी नेम प्लेट उतरकर जमीन पर जा गिरी। फत्तूढींगा ने सरकारी काम में विघ्न डालने, नुकसान पहुंचाने समेत विभिन्न धाराओं के तहत के दर्ज करके सतनाम सिंह, गुरबाज सिंह, दारा सिंह और जसकरण सिंह को गिरफ्तार कर लिया। इस मामले में सात-आठ अज्ञात भी आरोपी बनाए गए हैं। थाना फत्तूढींगा के एसएचओ रमनदीप कुमार ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों को न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है।