गोबर के उपले टूटने पर भड़के एक जमींदार के नौकर ने मालिक के घर में ही रहने वाले नाबालिग की गला घोंटकर जान ले ली। पुलिस ने मामले में कार्रवाई शुरू कर दी है।
ढाणी कट्टियांवाली में रहने वाले जमींदार कुलवंत सिंह के खेतों में लखविंदर सिंह 6,500 रुपये प्रति माह पर काम करता था। वह जमींदार के घर के पीछे बने तबेले में ही रहता था।
कुलवंत के खेतों में पहले सीरी का काम करने वाले पप्पू सिंह का चौदह साल का बेटा धम्मी भी उनके घर में ही रहता था। पप्पू की मौत के बाद उसकी माता ने दूसरी शादी करने के बाद धम्मी को कुलवंत के घर पर ही छोड़ दिया था। बीती 23 अक्तूबर को नौकर लखविंदर की ओर से बनाए गए गोबर के उपले खेलते समय धम्मी से टूट गए।
इससे भड़के लखविंदर ने धम्मी की बुरी तरह पिटाई कर दी। इसकी शिकायत धम्मी ने कुलवंत सिंह से कर दी। जमींदार कुलवंत ने नौकर लखविंदर को डांटा और आगे से ऐसा न करने की चेतावनी दी। रंजिश में लखविंदर ने मंगलवार की देर शाम धम्मी की गला घोंटकर हत्या कर दी।
परिवार वालों ने जब उसे देखा तो वह भागकर तबेले में पहुंचे, जहां धम्मी मृतक पड़ा था। थाना कबरवाला के प्रभारी गुरसेवक सिंह ने बताया कि पुलिस ने लखविंदर के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।