सीआईए स्टाफ और सदर पुलिस ने लोगों को ब्लैकमेल और रुपये दोगुने करने का झांसा देकर लूटने वाले दो गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने एक गिरोह के चार और दूसरे के दो सदस्यों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों से नकली 85 हजार, अर्ध छपी नकली करेंसी, प्रिंटर व अन्य सामान बरामद किया है। थाना सदर की ओर से काबू गरोह में शामिल डांसर युवतियां मोबाइल से फोटो खींच कर लोगों को शिकार बनाकर मोटी रकमें हासिल करती थीं।
डीएसपी (आई) सतपाल सिंह गिल ने बताया कि सीआईए स्टाफ इंचार्ज इंस्पेक्टर किक्कर सिंह और एएसआई जसवंत सिंह ने रुपये दोगुने कर लूटने वाले गिरोह के अड्डा अनाज मंडी, बधनी कलां में छापा मारा। इस दौरान गिरोह के चार सदस्य सतपाल सिंह सत्ती निवासी शहीद भगत सिंह नगर कच्चा दुसाझ नगर मोगा, मंगल सिंह और सुखवंत कौर निवासी नछत्तर सिंह टीचर कॉलोनी बोहना चौक मोगा और गुरचरन सिंह उर्फ पैंकी निवासी मेहना को काबू किया गया।
पुलिस ने उनके पास से 85 हजार की नकली करंसी बरामद, अर्ध छपे 500 रुपये वाले नकली नोट, प्रिंटर व अन्य सामान और 29 हजार रुपये बरामद किए हैं। इस गिरोह के 3 सदस्य सेवा सिंह और राजू सिंह दोनों गांव चड़िक और बलजिंदर सिंह निवासी धर्मकोट की गिरफ्तारी बाकी है। पुलिस के मुताबिक इस गिरोह ने पूछताछ के दौरान बताया कि उन्होंने एक माह पहले कुलदीप सिंह गांव राऊके कलां से रुपये दोगुने करने का झांसा देकर 2.40 लाख की ठगी मारी थी।
थाना सदर प्रमुख जसविंदर सिंह ने बताया कि किसी बहाने लोगों की मोबाइल से वीडियो और फोटो खींच कर ब्लैकमेल कर मोटी रकमे वसूल करने वाले 7 सदस्यीय गिरोह को काबू किया है। इस गिरोह में डांसर युवतियां हैं। उन्होंने एक किसान जत्थेबंदी नेता बलविंदर सिंह को राजीनामा करवाने के बहाने गांव दुनेके बुला लिया। वहां उसकी वीडियो और फोटो खींचकर उससे 10 लाख की मांग की। उसके पास 19 हजार थे और वह बाकी रकम देने का वादा कर इस गिरोह के चंगुल में से निकला और पुलिस को शिकायत की।
इस मामले में पुलिस ने गिरोह के सदस्य अमनदीप कौर और इकबाल सिंह को काबू कर लिया गया है। इस गिरोह के सदस्य बलजीत सिंह, सतनाम सिंह, सुखविंदर सिंह और करमजीत कौर की गिरफ्तारी बाकी है। पुलिस के मुताबिक यह गिरोह मिस कॉल से संपर्क करता था। इसके बाद शिकार बनाने के लिए गिरोह मेंबर खुद को कोई काउंसिलर और कोई सरपंच बताकर पीड़ित को डरा धमका कर राजीनामा करवा कर मोटी रकम वसूल करते थे।