बस स्टैंड के नजदीक आपस में भिड़ने के बाद सिविल अस्पताल पहुंचे घायल व्यक्तियों के लोगों ने सिविल अस्पताल की इमरजेंसी में तैनात डॉ. राजकुमार बद्धन के साथ धक्कामुक्की व बदसलूकी की थी। हालांकि पुलिस ने डॉक्टर राजकुमार की शिकायत पर हमलावरों पर मामला दर्ज कर लिया है, लेकिन डॉक्टरों का कहना था कि अस्पताल में हर बार ड्यूटी पर तैनात डॉक्टरों के साथ कोई न कोई व्यक्ति बदसलूकी कर जाता है, लेकिन कोई सख्त कार्रवाई नहीं की जाती। कार्रवाई न होने के कारण डॉक्टरों क साथ बदसलूकी व हमले बढ़ रहे हैं। इसके विरोध में सिविल अस्पताल के सभी डॉक्टर मेडिकल सुपरिंटेंडेंट से मिले व उनको मांग पत्र सौंप कर आरोपियों पर सख्त कार्रवाई करवाने की मांग की। सभी डॉक्टरों का कहना था कि बुधवार को दो पक्षों में हुई लड़ाई के बाद दोनों पक्षों के घायल लोग सिविल अस्पताल में इलाज के लिए पहुंचे थे। इसमें से एक पक्ष के लोगों ने डॉक्टर राजकुमार बद्धन को गालियां दीं व उनके साथ धक्कामुक्की भी की। मामला बढ़ता देखकर स्टाफ सदस्यों ने हूटर बजाकर पुलिस को सूचित किया, लेकिन पुलिस के आने तक लोग अस्पताल में हंगामा करते ही रहे। उन्होंने कहा कि अगर ऐसा ही चलता रहा तो डॉक्टर अपनी ड्यूटी कैसे कर पाऐंगे। सिविल अस्पताल के डॉक्टरों ने मेडिकल सुपरिंटेंडेंट से मांग की है कि अस्पताल में पक्के तौर पर पुलिस चौकी स्थापित की जाए व डॉक्टरों की सुरक्षा को यकीनी बनाया जाए। सभी डॉक्टरों ने चेतावनी दी है कि अगर ऐसा नहीं हुआ तो वह अपनी सेवाएं अनिश्चित काल के लिए बंद कर देंगे।