विद्यार्थियों के बैंक खाते में जमा होगी वर्दी की रकम
डीईओ को लाभार्थियों के खाते खुलवाने के आदेश
अमर उजाला ब्यूरो
फरीदकोट। शिक्षा विभाग पंजाब ने सरकारी स्कूल में पढ़ने वाले आठवीं कक्षा तक के एससी, एसटी और बीपीएल वर्ग के छात्रों समेत सभी वर्ग की छात्राओं को स्कूल वर्दी के लिए दी जाने वाली 400 रुपये की ग्रांट को इस साल से उनके बैंक खाते में ट्रांसफर करने का फैसला किया है। इस संबंध में सोमवार को राज्य के डायरेक्टर जनरल स्कूल शिक्षा (डीजीएसई) ने सभी जिलों के जिला शिक्षा अधिकारियों को पत्र लिखकर 31 अगस्त तक ऐसे सभी लाभार्थी विद्यार्थियों के किसी भी राष्ट्रीय बैंक में जीरो बैलेंस वाले खाते खुलवाने के आदेश जारी किए हैं। विभाग के मुताबिक पूरे राज्य में वर्दी हासिल करने वाले लाभार्थी विद्यार्थियों की संख्या 15 लाख के आसपास है। शिक्षा विभाग के अनुसार पंजाब में वर्ष 2010-11 से केंद्रीय मानव संसाधन मंत्रालय की मदद से पहली से आठवीं कक्षा तक के लाभार्थी विद्यार्थियों को स्कूल वर्दी के लिए प्रति विद्यार्थी 400 रुपये ग्रांट मुहैया करवाई जा रही है। पिछले साल के दौरान यह ग्रांट स्कूल मुखियों और प्रबंधन कमेटियों को जारी की जाती थी लेकिन उनका रोष रहता था कि विभाग द्वारा वर्दी के लिए काफी कम ग्रांट जारी की जाती है जिससे उन्हें 400 रुपये में पूर्ण वर्दी तैयार करने में काफी दिक्कत पेश आती है। विभाग के ताजा फैसले से स्कूल मुखियों और प्रबंधन कमेटियों ने राहत की सांस ली है। चूंकि ऐसे करने से वर्दी की क्वालिटी को लेकर खड़े होने वाले सवालों से भी उन्हें छुटकारा मिल जाएगा और वर्दी तैयार करने की सारी जिम्मेदारी अभिभावकों पर आ जाएगी। हालांकि इस आदेश के बाद स्कूल स्टाफ को विद्यार्थियों के खाते खुलवाने में काफी मशक्कत करनी होगी। कुछ समय पहले भी आरक्षित वर्ग के विद्यार्थियों के स्कालरशिप के लिए खाते खुलवाए गए थे और उपयोग न होने के कारण इनमें से ज्यादातर खाते बंद हो चुके हैं।