मोर्चे ने व्यापारियों और दुकानदारों से स्वेच्छा से बाजार बंद रखने की अपील की है। इसके लिए पंजाब प्रदेश व्यापार मंडल से भी बातचीत की जा रही है। किसान मजदूर मोर्चा के नेता सरवन सिंह पंधेर ने दुकानदारों और संस्थानों से सात घंटे के दौरान बंद का समर्थन करने को कहा है।
स्कूल-कॉलेज भी रह सकते हैं प्रभावित
मोर्चे ने स्कूलों और कॉलेजों को भी बंद रखने की अपील की है। कई निजी स्कूल शुक्रवार को कैंपस बंद रखने पर विचार कर रहे हैं। हालांकि सरकारी स्कूलों को बंद रखने संबंधी कोई निर्देश जारी नहीं हुआ है। दूध विक्रेताओं से सुबह सात बजे से पहले या शाम को दूध बांटने की सलाह दी गई है।
फैक्टरियों में कामकाज पर भी असर
मोर्चे ने कहा है कि सुबह सात बजे से पहले शुरू होने वाली फैक्टरी शिफ्ट में कोई बाधा नहीं डाली जाएगी। वहीं, सुबह सात बजे से दोपहर दो बजे तक श्रमिकों को सड़कों पर आवाजाही की अनुमति नहीं देने की चेतावनी दी गई है। इससे औद्योगिक क्षेत्रों में कामकाज प्रभावित होने की आशंका है।