कमिश्नरेट पुलिस जालंधर ने रेड क्रॉस भवन की बाहरी दीवार पर खालिस्तान समर्थक नारे लिखने के मामले में प्रतिबंधित संगठन ‘सिख्स फॉर जस्टिस’ (एसएफजे) से जुड़े बताए जा रहे दो आरोपियों को गिरफ्तार किया है। यह जानकारी पुलिस कमिश्नर जालंधर सतिंदर सिंह ने दी। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सुखप्रीत सिंह और राजदीप सिंह, दोनों निवासी गांव निहालूवाल, जालंधर देहात, के रूप में हुई है।
पुलिस के अनुसार, दोनों का आपराधिक रिकॉर्ड रहा है और उनके खिलाफ आर्म्स एक्ट तथा एनडीपीएस एक्ट सहित विभिन्न मामलों में केस दर्ज हैं। पुलिस ने कथित तौर पर वारदात में इस्तेमाल हीरो स्प्लेंडर बाइक भी बरामद की है। पुलिस के मुताबिक, 29 सितंबर 2026 को रेड क्रॉस भवन की बाहरी दीवार पर खालिस्तान समर्थक नारे लिखे मिले थे। इसके बाद से जुड़े बताए जा रहे गुरपतवंत सिंह पन्नू द्वारा इस संबंध में सोशल मीडिया पर एक वीडियो भी जारी किया गया था।
पुलिस कमिश्नर सतिंदर सिंह ने बताया कि घटना के तुरंत बाद थाना डिवीजन नंबर-6 में केस दर्ज किया था। मामले की जांच डीसीपी सिटी आदित्य एस वारियर और डीसीपी इन्वेस्टिगेशन मनप्रीत सिंह ढिल्लों की निगरानी में की गई, जिसके बाद पुलिस ने दोनों आरोपियों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार किया।पुलिस के अनुसार, पूछताछ के दौरान दोनों आरोपियों ने कथित तौर पर 14-15 सितंबर 2026 की दरमियानी रात होशियारपुर के चब्बेवाल के पास गांव बाड़ियां कलां में भारत रत्न डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा को क्षतिग्रस्त करने की बात कबूल की है। पुलिस ने बताया कि इस घटना के संबंध में थाना चब्बेवाल में केस दर्ज किया गया था।
जालंधर पुलिस के अनुसार, रेड क्रॉस भवन मामले में बीएनएस की धाराओं 147, 152, 196, 61(2) और आईटी एक्ट की धारा-66एफ के तहत कार्रवाई की जा रही है। दोनों आरोपियों को स्थानीय अदालत में पेश कर पुलिस रिमांड मांगा जाएगा। पुलिस का कहना है कि रिमांड के दौरान इस मामले से जुड़ी पिछली और आगे की कड़ियों का पता लगाने के साथ-साथ कथित साजिश में शामिल अन्य लोगों की पहचान करने के लिए पूछताछ की जाएगी। आरोपियों पर लगे आरोपों की अंतिम पुष्टि अदालत में होने वाली कानूनी प्रक्रिया के अधीन है।