मानसा पुलिस ने 15 दिन से चल रहे परविंदर झोटा के इन्साफ धरने से वारिस पंजाब के नेता लक्खा सिधाना और अन्य प्रदर्शनकारियों को हिरासत में ले लिया है। पुलिस ने मोहनजीत शेरो को गांव भम्मे कला से उठाया। इस दौरान लक्खा सिधाना के साथ पुलिस की झड़प भी हुई। प्रदर्शनकारियों ने घोषणा की है कि मुख्यमंत्री और पुलिस महानिदेशक के इस्तीफे के बाद ही झोटा का अंतिम संस्कार होगा।
पुलिस ने धरनाकारियों को हटाने का कारण गांव भम्मे कलां के नौजवान दलजीत सिंह की मौत पर प्रदर्शन और माहौल खराब करना बताया। सीपीआई एमएल लिब्रेशन, इन्साफ कमेटी और झोटा के पिता भीम सिंह ने इस कार्रवाई को सरकार व पुलिस की धक्केशाही करार दिया। उन्होंने चेतावनी दी कि यह जन आंदोलन और तेज होगा। पुलिस लक्खा सिधाना, मोहनजीत शेरो और अन्यों को अज्ञात जगह ले गई है।