चंडीगढ़ की पुनर्वास कॉलोनियों में रहने वाले करीब 35 हजार परिवारों को जल्द ही अपने मकानों का मालिकाना हक मिल सकता है। प्रशासन ने इस संबंध में प्रस्ताव तैयार कर गृह मंत्रालय को भेज दिया है।
शहर में बिगड़ती कानून व्यवस्था पर फॉसवेक सदस्यों की चिंता के जवाब में डीसी ने कहा कि चंडीगढ़ की कानून व्यवस्था पर लोगों का भरोसा कमजोर हुआ है। इसे बहाल करने के लिए प्रशासन सख्त कदम उठा रहा है। उन्होंने बताया कि शहर में बड़ी संख्या में अवैध होटल और होम स्टे संचालित हो रहे हैं, जिनके खिलाफ जल्द ही बड़े स्तर पर डिमोलिशन ड्राइव चलाई जाएगी। साथ ही सभी होटल संचालकों को मेहमानों का विवरण अनिवार्य रूप से ऑनलाइन पोर्टल पर दर्ज करना होगा। दस्तावेजों की सत्यता जांचने के लिए औचक निरीक्षण भी किए जा रहे हैं।
डीसी ने कहा कि शहर के 79 निजी स्कूलों को परिसर में ही पार्किंग सुनिश्चित करने के लिए नोटिस जारी किए गए हैं। नियमों के अनुसार स्कूल परिसर का 20 प्रतिशत हिस्सा पार्किंग के लिए आरक्षित होना चाहिए, लेकिन कई स्कूलों ने वहां कमरे और अन्य निर्माण कर दिए हैं। सबसे अधिक समस्या सेक्टर-26 में है, जहां एक ही लाइन में चार स्कूल होने से छुट्टी के समय भारी जाम लगता है। प्रशासन ने स्कूलों को छुट्टी के समय में बदलाव करने और परिसर के भीतर ही पार्किंग की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।
- डड्डूमाजरा डंपिंग ग्राउंड पर बड़े स्तर पर पौधरोपण किया जाएगा। इसके बाद भूमि वन विभाग को सौंपी जाएगी ताकि वहां दोबारा कूड़ा न फेंका जा सके।
-हर महीने आने वाले बिजली बिलों पर लोगों ने आपत्ति जताई। डीसी ने कहा कि इस मुद्दे पर सीपीडीएल से बातचीत की जाएगी। उन्होंने माना कि मासिक बिलिंग से लोगों को परेशानी हो रही है।
-डीसी ने एसआईआर अभियान में सभी आरडब्ल्यूए से बीएलओ का सहयोग करने की अपील की। शेयर वाइज संपत्ति का मामला केंद्र सरकार के समक्ष उठाया गया है लेकिन अभी मंजूरी नहीं मिली है।
-बिटुमिन की कमी के कारण सड़क निर्माण कार्य प्रभावित है। डीसी ने कहा कि बारिश शुरू होने से इन कार्यों में करीब दो महीने और देरी हो सकती है।
- सेक्टर-21 में 15 जुलाई तक अतिक्रमण विरोधी अभियान चलाया जाएगा। जेई के अवकाश पर होने से कार्रवाई में देरी हुई थी, अब दूसरे अधिकारी को इसकी जिम्मेदारी सौंप दी गई है।