आखिरी टिकट खरीदी थी
बताया जा रहा है कि पहले उन्हें 20 हजार रुपये की लॉटरी लगी। जब वह इस इनाम की राशि लेने लॉटरी एजेंट के पास पहुंचे, तो एजेंट ने उन्हें पंजाब स्टेट डियर बम्पर की आखिरी बची टिकट खरीदने की सलाह दी।
बिना ज्यादा सोचे उन्होंने 1000 रुपये देकर वह टिकट खरीद ली। कुछ ही समय बाद यह टिकट उनकी जिंदगी बदल गई और उन्होंने 50 लाख रुपये का बड़ा इनाम जीत लिया। यह कहानी न केवल किस्मत के बदलने की है, बल्कि धैर्य और उम्मीद की भी एक मिसाल है।
चार बच्चों के पिता हैं चरणजीत
लॉटरी की टिकट से लखपति बने चरणजीत सिंह बेहद खुश हैं। उनका कहना है कि 17 साल के लंबे इंतजार के बाद आखिरकार उनकी किस्मत चमक गई। अब वह अपने कर्ज को चुकाकर बेहतर जीवन जीने की उम्मीद कर रहे हैं।
चरणजीत सिंह के चाचा के बेटे शमशेर सिंह मट्टू जोहल ने बताया कि उनके भाई को बचपन से ही बोलने में दिक्कत है। इसके बावजूद चरणजीत सिंह एक बेहद ईमानदार और नेक इंसान हैं। उनके परिवार में दो बेटे और दो बेटियां हैं, और वे खेती-बाड़ी करके अपने परिवार का पालन-पोषण कर रहे थे।
शमशेर सिंह ने बताया कि चरणजीत सिंह पर करीब 13 लाख रुपये का कर्ज था और उनके पास जमीन भी ज्यादा नहीं थी। लेकिन अब यह जीत उनकी जिंदगी में नई खुशी और राहत लेकर आई है।