रायकोट स्थित ताजपुर चौक के पास चार दशकों से ट्रालियां बनाने का काम कर रहे भैणी बडिंगां निवासी गुरदीप सिंह भमरा का सरेबाजार उनकी वर्कशॉप से अपहरण कर लिया गया। अपहरणकर्ताओं ने गुरदीप सिंह भमरा को मारने पीटने के बाद छोड़ दिया और फरार हो गए।
हथियारबंद अज्ञात अपहरणकर्ता गुरदीप सिंह की वर्कशॉप में रखी कई ट्रालियां और अन्य उपकरण भी भारी मशीनों (हायड्रा मशीन) की मदद से लूट कर ले गए। रायकोट सदर थाना घटनास्थल से चंद कदमों की दूरी पर है और सिटी थाना भी कोई बहुत ज्यादा दूर नहीं है, इसके बावजूद पुलिस को माैके पर पहुंचने में चार घंटे से अधिक समय लग गया।
पीडि़त गुरदीप सिंह भमरा के भाई मनदीप सिंह भमरा और पड़ोसी दुकानदारों के अनुसार रायकोट सिटी पुलिस को सूचित करने के करीब चार घंटे बाद पुलिस मौके पर पहुंची लेकिन अपहरणकर्ताओं को ढूंढने में कोई दिलचस्पी दिखाई नहीं दी गई और ना ही तुरंत कोई कानूनी कार्रवाई शुरू की गई।
रायकोट सिटी थाना प्रभारी अमरजीत सिंह गिल ने घटनास्थल पर देरी से पहुंचने का कारण तालमेल की कमी बताया। हालांकि लोगों की नाराजगी को देखते हुए सिटी पुलिस ने रायकोट के सिविल अस्पताल में उपचाराधीन गुरदीप सिंह भमरा के बयान पर अज्ञात आरोपियों के खिलाफ अपहरण और लूट का मामला दर्ज कर लिया है।
गुरदीप के भाई मनदीप सिंह ने बताया कि उनकी दुकान भी वर्कशॉप के पास है, अपहरणकर्ताओं ने उनके भाई के साथ जबरदस्त मारपीट की और अपहरण करके गाड़ी में ले गए। मनदीप सिंह ने बताया कि आरोपियों ने उसकी दुकान के भी ताले और सीसीटीवी कैमरे तोड़ दिए।
अस्पताल में भर्ती गुरदीप सिंह उर्फ निक्का के अनुसार अपहरणकर्ता उन्हें कई घंटों तक रायकोट-लुधियाना रोड पर नहर के पास घुमाते रहे। उन्होंने आरोप लगाया कि अपहरणकर्ता उन्हें जान से मारने के लिए नहर के पानी में फेंकने की धमकी देते रहे। कार में लगातार उन्हें पीटा गया। आरोपी वर्कशॉप छोड़ने का दबाव बना रहे थे और इसके एवज में 50 लाख रुपये से ज्यादा रुपयों की पेशकश भी की। काफी देर इधर-उधर घुमाने के बाद कार से नीचे फेंक कर फरार हो गए।
भमरा ने बताया कि कुछ लोगों ने उनकी वर्कशॉप के पास जगह खरीदी है। मामला जमीन के खसरा नंबर आदि के मिलान में तकनीकी गलती से जुड़ा हो सकता है जिसके चलते आरोपी उनकी वर्कशॉप पर कब्जा करना चाहते हैं। उन्होंने 40 साल से भी अधिक समय पहले ये जगह खरीदी थी और तब से यहां उन्हीं का कब्जा है और वे वर्कशॉप चला रहे हैं। उनका कारोबार बहुत अच्छा चल रहा है और इस घटना से पहले भी उन्हें वर्कशॉप छोड़ने की धमकियां मिलती रही हैं, लेकिन पुलिस हाथ पर हाथ धरे बैठी रही।
इस मामले में मुल्लांपुर के प्रॉपर्टी डीलर प्रितपाल सिंह और राजू मुल्लांपुर समेत 35 से अधिक अज्ञात के खिलाफ रायकोट सिटी पुलिस ने मुकदमा दर्ज किया है, कुछ आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। पीडि़त गुरदीप सिंह के अनुसार उसका करीब 15 लाख रुपये का सामान लूटा गया है।