जलालाबाद के गांव स्वाहवाला में 50 हजार रुपये के पुराने लेन-देन को लेकर एक बुजुर्ग को कथित तौर पर बंधक बनाकर पीटा गया। गंभीर हालत में अस्पताल ले जाए गए हंसा सिंह की इलाज के दौरान मौत हो गई। घटना के बाद गांव में तनाव है और परिजनों ने आरोपियों व पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की मांग की है।
मृतक के भाई फुमन सिंह के अनुसार, हंसा सिंह का गांव के बिट्टू सिंह और उसके परिवार से 50 हजार रुपये का पुराना लेन-देन था। हंसा सिंह अपने पैसे वापस मांग रहे थे।
आरोप है कि रविवार शाम उन्हें पकड़कर जबरन घर ले जाया गया। वहां उन्हें जंजीरों और रस्सियों से बांधकर लाठी-डंडों से बेरहमी से पीटा गया। उनके मुंह और आंखों में मिर्च पाउडर डालकर पानी भी डाला गया। करीब ढाई घंटे तक उन्हें प्रताड़ित किया गया। एक पड़ोसन महिला ने उन्हें बचाने की कोशिश की तो आरोपियों ने उससे भी मारपीट की, जिससे उसकी उंगली टूट गई। परिजनों के पहुंचने पर उनके साथ भी हाथापाई की गई।
घटना की सूचना पर परिजन और 112 पुलिस टीम मौके पर पहुंची। किसान यूनियन के ब्लॉक उपाध्यक्ष जगसीर सिंह उग्राहा और परिजनों ने पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाया।
जगसीर सिंह ने कहा कि यदि समय रहते बुजुर्ग को आरोपियों के कब्जे से छुड़ाकर अस्पताल पहुंचाया जाता तो संभव है कि उनकी जान बच जाती। उनका आरोप है कि पुलिस के पहुंचने के बाद भी बुजुर्ग को पीटा जाता रहा और एएसआई ने तत्काल कार्रवाई नहीं की। फुमन सिंह के बयानों पर पुलिस ने चार आरोपियों बिट्टू सिंह, राज रानी, जग्गा सिंह और गीता रानी के खिलाफ मामला दर्ज किया है, जबकि परिजनों ने लापरवाह पुलिसकर्मियों पर भी कार्रवाई की मांग की है।