विधानसभा चुनाव से पहले पंजाब में अपनी सियासी जमीन मजबूत करने में जुटी भाजपा हरियाणा मॉडल का सहारा ले रही है। इसकी कमान हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने संभाली है। वे कुछ दिन से पंजाब में सक्रिय दिख रहे हैं और पंजाबियों को बता रहे हैं कि आखिरकार हरियाणा के विकास पथ पर बढ़ने का रोडमैप क्या है।
इसके अलावा भाजपा की नजर पंजाब में विरोधी दलों के असंतुष्ट और हाशिये पर बैठे नेताओं पर भी है। इन नेताओं को भाजपा की नीतियां समझाकर उन्हें भाजपाई बनाया जा रहा है। यह काम भी सीएम सैनी के नेतृत्व में हो रहा है। पंजाब में फरवरी 2027 में विधानसभा चुनाव प्रस्तावित हैं। सत्तारूढ़ आप, कांग्रेस, भाजपा, शिअद समेत अन्य दलों ने चुनावी तैयारियां शुरू कर दी हैं।
अभी तक भाजपा यही दावा कर रही है कि इस बार भी विधानसभा चुनाव अकेले ही लड़ेगी। इसके लिए पंजाब भाजपा के नेता खासे उत्साहित भी दिख रहे हैं। कार्यकर्ताओं ने पंजाबियों से मिलना-जुलना भी तेज कर दिया है। इसी चुनावी रणनीति का एक हिस्सा इस बार हरियाणा मॉडल रखा गया है।
दरअसल, साल 2017 और 2022 में सत्तारूढ़ आप ने अरविंद केजरीवाल के दिल्ली मॉडल का पंजाब में खूब प्रचार किया। इस मॉडल की कई नीतियां पंजाब में लागू करते हुए आप ने साल 2022 में सत्ता पाई। भाजपा भी अब हरियाणा मॉडल के बूते कुछ इसी तरह का प्रयोग पंजाब में करना चाहती है। हरियाणा को इसलिए चुना गया है, क्योंकि भाजपा साल 2014 से हरियाणा में काबिज है और यह राज्य भी कभी पंजाब का ही हिस्सा रहा है। हरियाणा आज भी खुद को पंजाब का छोटा भाई मानता है।
हरियाणा में तीसरी बार भाजपा की सरकार बनी है और इस बार सूबे के सीएम नायब सैनी पिछड़े वर्ग से ताल्लुक रखते हैं। इसमें जातीय समीकरण तो है ही मगर हरियाणा मॉडल के जरिये सीएम सैनी पंजाबियों को बता रहे हैं कि कैसे छोटा भाई हरियाणा आज वित्तीय, ढांचागत, कृषक आय समेत अन्य मामलों में बड़े भाई पंजाब से आगे बढ़ चुका है।
डबल इंजन सरकार का फायदा बता रहे सैनी
नायब सैनी पिछले कुछ दिन से पंजाब के विभिन्न क्षेत्रों में सक्रिय दिखाई दे रहे हैं। हर जगह वे कार्यकर्ताओं के साथ-साथ आम पंजाबियों से भी मिल रहे हैं। सैनी पंजाबियों को बता रहे हैं कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में हरियाणा में डबल इंजन सरकार तेजी से विकास कर रही है। इसी तरह हरियाणा की बड़ी आबादी को कैशलेस स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ मिल रहा है और इसके लिए हजारों करोड़ रुपये के खर्च का प्रावधान किया गया है। किडनी रोगियों के लिए मुफ्त इलाज की सुविधा भी दी जा रही है। हरियाणा की वित्तीय स्थिति पंजाब की अपेक्षाकृत बेहतर है। पराली न जलाने पर किसानों को प्रति एकड़ 1200 रुपये प्रोत्साहन राशि दी जा रही है, इत्यादि मुद्दों से पंजाबियों को अवगत करवाते हुए सैनी एक बार भाजपा को पंजाब में सेवा का मौका देने की अपील कर रहे हैं। सीएम सैनी की केसरी पगड़ी लुक भी इन दिनों पंजाब में खासी चर्चित है।