पंजाब में तैयार किए जा रहे 3100 स्टेडियमों का काम अगले साल जून तक हर हाल में खत्म करना होगा। इन स्टेडियमों पर 1350 करोड़ रुपये खर्च किए जा रहे हैं। इसके अलावा 50 करोड़ रुपये की लागत से खिलाड़ियों को 17 हजार खेल किटें भी वितरित की जाएंगी।
बुधवार को मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने खेल और युवा सेवाएं विभाग के साथ उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक के दौरान यह निर्देश जारी किए। मुख्यमंत्री द्वारा एक व्यापक पैकेज की भी शुरुआत की गई जिसमें लगभग 3,000 स्थानों पर अत्याधुनिक जिम स्थापित करना, एक व्यापक खेल पोर्टल की शुरुआत और 43 करोड़ से एक नए युवा भवन का निर्माण शामिल है। उन्होंने कहा कि सरकार का मुख्य उद्देश्य पंजाब के युवाओं की असीम ऊर्जा को सकारात्मक दिशा में लगाना और उन्हें नशे के खतरे से दूर रखना है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि नई खेल नीति- 2023 के अनुसार प्रदेश भर के गांवों में ये स्टेडियम बनाए जा रहे हैं। इन पर 1350 करोड़ खर्च किए जाएंगे जिनमें बाड़, गेट, जॉगिंग ट्रैक, समतल खेल का मैदान, पेड़, वॉलीबॉल कोर्ट, स्टोर और अन्य सुविधाएं शामिल हैं। इन स्टेडियमों का कार्य निर्धारित समय में पूरा किया जाना चाहिए और साथ ही हर हालत में कार्यों की गुणवत्ता भी सुनिश्चित की जानी चाहिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि युवाओं की ऊर्जा को सकारात्मक दिशा में ले जाने के लिए प्रदेश में 3000 स्थानों पर अत्याधुनिक जिम स्थापित किए जाएंगे। पहले चरण के तहत प्रदेश में 1000 स्थानों पर 35 करोड़ से ऐसे अत्याधुनिक जिम स्थापित किए जाएंगे। इन जिमों में वेट लिफ्टिंग सेट, बेंच, डंबल सेट, रैक, फ्लोर मैट और अन्य कई अत्याधुनिक उपकरण शामिल होंगे।
खिलाड़ियों को दी जाने वालीं खेल किटों में वॉलीबॉल और फुटबॉल (प्रत्येक के लिए तीन वॉलीबॉल और फुटबॉल तथा दो नेट), क्रिकेट के लिए दो बैट, विकेट, छह टेनिस गेंदें शामिल होंगी। 31 मार्च तक गांवों में 5600 खेल किटें वितरित करने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार ने खेल नीति 2023 पेश की और बजट को वर्ष 2023-2024 में 350 करोड़ रुपये से बढ़ाकर वर्ष 2024-25 के लिए 1000 करोड़ रुपये कर दिया। मोहाली, बठिंडा और लुधियाना में 10.50 करोड़ से हॉकी टर्फ को बदला जा रहा है और इन्हें भारतीय हॉकी फेडरेशन द्वारा मंजूरी दी गई है।