पंजाब के जीरकपुर में 130 करोड़ रुपये की हेरोइन बरामदगी के मामले में पंजाब सरकार ने कड़ा फैसला लेते हुए पीएपी में हेड कांस्टेबल राम सिंह और पंजाब पुलिस में सब इंस्पेक्टर सरबजीत सिंह को नौकरी से बर्खास्त कर दिया है। राम सिंह अंतरराष्ट्रीय बॉक्सर विजेंदर सिंह का दोस्त है और उसने विजेंदर के साथ दो-तीन बार हेरोइन लेने की बात स्वीकारी थी। गृह विभाग की देर रात जारी विज्ञप्ति में उसकी बर्खास्तगी की जानकारी दी गई।
फतेहगढ़ साहिब पुलिस की एक टीम ने इससे पहले वीरवार को चंडीगढ़ के नजदीक नया गांव में एक सब इंस्पेक्टर सरबजीत सिंह के घर छापामारी की। घर पर सरबजीत तो नहीं मिला लेकिन वहां से 2.6 किलोग्राम अफीम, एक किलोग्राम सफेद पाउडर, 11 मोबाइल फोन, एके-47 के कारतूस के दस खोल और 12 बोर की बंदूक बरामद की है। वहां मौजूद एक व्यक्ति को भी हिरासत में लिया गया है।
लुधियाना रेंज के डीआईजी एमएफ फारुकी ने बताया कि एसआई सरबजीत सिंह फरार है और उसके घर से ड्रग्स बरामद हुई हैं। जिस समय पुलिस की टीमें तस्करी नेटवर्क के सरगना एवं पंजाब पुलिस का पूर्व डीएसपी जगदीश भोला की तलाश में छापामारी कर रही थीं, उसी समय सरबजीत ने भोला को अपने घर में पनाह दी थी। आसपास पूछताछ में पता चला कि सरबजीत कई दिनों से घर नहीं आया है। सब इंस्पेक्टर पंजाब पुलिस के एक आईजी के साथ अटैच बताया जाता है।
एक को हिरासत में लिया
छापामारी के दौरान सरबजीत के घर से एक व्यक्ति को हिरासत में लिया गया है। उसके पास से 12 बोर की बंदूक मिली है जिसका वह लाइसेंस नहीं दिखा पाया। उससे पूछताछ के दौरान पता चला है कि पूर्व डीएसपी जगदीश भोला ने सरबजीत के घर पनाह ली और उसकी पत्नी के मोबाइल फोन से अपने सहयोगियों से संपर्क साधा।
हाल में हुआ है बहाल
फारुकी ने बताया कि एसआई सरबजीत सिंह काफी समय तक नशीली दवाओं के एक मामले में डिसमिस रहा है और हाल ही में बहाल हुआ है। वहीं पुलिस एसआई की तलाश में पंजाब और हरियाणा में कई जगह छापामारी कर रही है। पुलिस को यकीन है कि सरबजीत को भोला की लोकेशन का पक्का पता होगा।
तीन-तीन गनमैन रखता था एसआई
एसआई सरबजीत सिंह इससे पहले फिरोजपुर और फरीदकोट जिले में सीआईए इंचार्ज रहा है। सरबजीत के साथ पुलिस के ही तीन सुरक्षाकर्मी हमेशा रहते थे जबकि वह इन्हें रखने का उसके पास कोई अधिकार नहीं था।