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Abohar: नशा मुक्ति केंद्र से फरार युवक का था झाड़ियों में मिला शव, परिजनों ने केंद्र पर लगाया लापरवाही का आरोप

Fri, 02 Jan 2026 01:34 PM IST
निवेदिता वर्मा संवाद न्यूज एजेंसी, अबोहर (पंजाब)

सार

मनोज पांचवीं तक पढ़ा था। पढ़ाई छोड़ने के बाद वह कोई काम-धंधा नहीं करता था और गलत संगत के चलते नशे का आदी हो गया था। नवंबर 2024 में मनोज को नशे से दूर रखने के लिए मटीली के एक निजी नशा मुक्ति केंद्र में भर्ती करवाया गया था।
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मनोज - फोटो : फाइल
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विस्तार
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अबोहर के सीतो रोड स्थित सुनसान इलाके में अज्ञात युवक के शव की पहचान मनोज कुमार (21) निवासी चक सैदोके, फाजिल्का के रूप में हुई है। मनोज अपने माता-पिता का इकलौता बेटा था और मटीली (सादुलशहर, राजस्थान) स्थित एक निजी नशा मुक्ति केंद्र में उपचाराधीन था।
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जानकारी के अनुसार मनोज कुमार दो दिन पहले अबोहर निवासी अपने दोस्त गुरलाल सिंह के साथ नशा मुक्ति केंद्र से फरार हो गया था। वीरवार को नए साल की सुबह उसका शव अबोहर के सुनसान इलाके में झाड़ियों के बीच लावारिस हालत में बरामद हुआ। मृतक का साथी गुरलाल सिंह अभी लापता है, जिसका कोई सुराग नहीं लग पाया है।

मृतक के परिजनों ने नशा मुक्ति केंद्र के संचालकों पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाते हुए उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की मांग की है। मृतक की माता गुरमीत कौर और चाची सुमित्रा ने बताया कि मनोज पांचवीं तक पढ़ा था। पढ़ाई छोड़ने के बाद वह कोई काम-धंधा नहीं करता था और गलत संगत के चलते नशे का आदी हो गया था। उसके पिता गुरजीत सिंह ट्रक चालक हैं।
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परिजनों के अनुसार नवंबर 2024 में मनोज को नशे से दूर रखने के लिए मटीली के एक निजी नशा मुक्ति केंद्र में भर्ती करवाया गया था, जहां वे हर माह 10 हजार रुपये शुल्क अदा कर रहे थे।

गुरमीत कौर ने बताया कि 29 दिसंबर को सेंटर से फोन आया कि मनोज अपने दोस्त गुरलाल के साथ फरार हो गया है। इसके बाद उन्होंने गुरलाल की मां से संपर्क किया, लेकिन वहां भी मनोज के बारे में कोई जानकारी नहीं मिली। वीरवार को सोशल मीडिया पर युवक का शव मिलने की खबर देख गुरलाल की मां ने उन्हें फोन किया, जिसके बाद उन्हें अपने बेटे की मौत का पता चला।

परिजनों का कहना है कि उनका बेटा नशा मुक्ति केंद्र की कस्टडी में था। वहां से उसका फरार होना और बाद में शव मिलना केंद्र की गंभीर लापरवाही को दर्शाता है। उन्होंने मांग की कि नशा मुक्ति केंद्र के संचालकों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए।
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