लूट की वारदातों का मास्टर माइंड गिरफ्तार
बिना नंबर कार, 32 बोर का पिस्तौल और कारतूस बरामद
गिरोह के तीन सदस्य पहले ही पुलिस ने कर लिए गिरफ्तार
दो माह पहले गन प्वाइंट पर कार को छीन कर बटाला पहुंचा था आरोपी
पुलिस से हुए मुकाबले में फायरिंग करता हुआ बचकर भाग निकला था
अमर उजाला ब्यूरो
बटाला। दो महीने पहले अमृतसर के दबुर्जी इलाके से कार एजेंसी के बाहर से गन प्वाइंट पर इनोवा कार लूटने वाले चार आरोपियों में से मुख्य आरोपी गुरसेवक सिंह को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। यह वही आरोपी है जो पुलिस पर फायरिंग करता हुआ मौके से भागने में कामयाब हो गया था। जबकि इस लूट की घटना के दौरान मुख्य आरोपी गुरसेवक सिंह के तीन अन्य साथियों को पुलिस ने पहले ही गिरफ्तार कर लिया है, जो अभी जेल में बंद हैं। पुलिस ने गिरफ्तार किये लूट का मास्टर माइंड गुरसेवक सिंह से एक बिना नंबर स्विफ्ट कार ,एक पिस्तौल और कारतूस बरामद किये है। वहीं पुलिस का कहना है कि मास्टर मांइड गुरसेवक सिंह ने माना है कि वह करीब 16 वारदातों को अंजाम दे चुका है। इन आरोपियों के खिलाफ पुलिस थाना सिविल लाइन बटाला ने हत्या का प्रयास करने और असलाह एक्ट के तहत मामला दर्ज किया था। दूसरी तरफ लूट का मास्टर माइंड गुरसेवक सिंह की गिरफ्तारी पुलिस के लिये एक चैलेंज बना हुआ था क्योंकि पिछले दो माह से गुरसेवक सिंह फरार चल रहा था।
इस संबंध में सोमवार को एसएसपी बटाला उपिंदरजीत सिंह घुम्मण ने बताया कि पुलिस की ओर से मुख्य आरोपी गुरसेवक सिंह को पकड़ने के लिए एसपी इन्वेस्टिगेशन विपिन चौधरी और डीएसपी परविंदर कौर की निगरानी में थाना सिविल लाइन, सीआइए, स्पेशल स्टाफ और एंटी गुंडा स्टाफ बटाला की एक विशेष टीम गठित की गई थी। टीम की ओर से पिछले दो महीने से गुरसेवक सिंह को पकड़ने की कार्रवाई जारी थी। गत रात पुलिस की टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर आरोपी गुरसेवक सिंह निवासी हरीके को गांव धारड़ थाना जंडियाला से गिरफ्तार कर लिया। आरोपी गुरसेवक के कब्जे से एक स्विफ्ट कार बिना नंबरी, 1 पिस्तौल 32 बोर और 3 जिंदा रौंद बरामद हुए हैं। आरोपी को पकड़ने के बाद पुलिस की ओर से उससे सख्ती से पूछताछ की गई। वहीं, पुलिस आरोपी से अभी पूछताछ करने में जुटी हुई है, ओर अहम खुलासे होने की संभावना है।
मास्टर मांइड अब तक 16 लूट की वारदातों को दे चुका है अंजाम
पुलिस के अनुसार पूछताछ में आरोपी गुरसेवक सिंह ने माना कि वह करीब 16 वारदातों को अंजाम दे चुका है। आरोपी गुरसेवक सिंह ने 2009 से लेकर 2018 तक वारदातों को अंजाम दिया। आरोपी ने माना कि इन 9 सालों में उसने लूटपाट की वारदातों को अंजाम दिया। 5 वारदातें करने के बाद पुलिस ने आरोपी को पकड़ लिया था। इसके बाद उसे जेल भेज दिया गया मगर 16 दिसंबर 2017 को आरोपी को जमानत पर रिहा हो कर दिया गया मगर रिहा होने के बाद उसने वारदात को अंजाम देने का सिलसला शुरू कर दिया।
यह था मामला-
13 अक्टूबर 2018 को टोयटा एजेंसी अमृतसर से 4 युवकों की ओर से नई इनोवा क्रिस्टा कार एजेंसी के करिंदों से गनप्वाइंट पर छीनी थी। कार लूट कर उक्त चारों में से 2 युवक इनोवा कार को लेकर बटाला की तरफ आ रहे थे, जिनकी सूचना मिलने पर बटाला शहर में नाकाबंदी करवाई गई। जालंधर बाइपास बोदे दी खूही पर नाके के दौरान जब कार को रोकने के कोशिश की गई तो कार चालक युवकों ने पुलिस पर गोली चलाई थी। जिनमें से एक युवक जोधबीर सिंह निवासी गांव गंदली जंडियाला को पुलिस ने काबू कर लिया था और इनोवा कार बरामद की थी। जबकि उसका दूसरा साथी गुरसेवक सिंह निवासी हरीके पुलिस पर फायरिंग करता हुआ फरार हो गया था। इसके बाद पुलिस ने थाना सिविल लाइन में धारा 307 (हत्या का प्रयास), 353,332,333,186, 427,411,473,201 और असलाह एक्ट के तहत मामला दर्ज किया था। कार्रवाई करते हुए पुलिस ने तीन अन्य आरोपियों को भी गिरफ्तार कर लिया था।
फोटो- 17जीडीआरबीटीएलपी02
कैप्शन- बटाला पुलिस हिरासत में मास्टर माइंड गुरसेवक सिंह।