मौलाना कलीम सिद्दीकी के खिलाफ एटीएस सबूत जुटा रही है। जांच में सामने आया है कि धर्मांतरण से पहले गैर मुस्लिमों को मौलाना ‘आपकी अमानत, आपकी सेवा में’ नाम की एक किताब देते थे। वहीं एटीएस की टीम मौलाना से पूछताछ कर रही है और उसके करीबियों की तलाश में आसपास के जिलों में ताबड़तोड़ दबिश दी जा रही है।
मौलाना कलीम सिद्दीकी करीब 26 साल से मदरसों, जलसे और धार्मिक कार्यक्रमों में पहुंचकर लोगों से रूबरू होते रहे हैं। हर वर्ग के लोग उनका सम्मान करते थे। एटीएस की जांच में सामने आया है कि धर्मांतरण से पहले गैर मुस्लिम लोगों को ‘आपकी अमानत, आपकी सेवा में’ नाम की पुस्तक दी जाती थी। गैर मुस्लिम लोगों को किताब का पूरा पाठ पढ़ाया जाता था। हालांकि गैर मुस्लिम लोगों के साथ धर्मांतरण करने के लिए जबरदस्ती नहीं होती थी।