सांकेतिक तस्वीर
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पुलिस कमिश्नर ने स्पष्ट कहा कि पोस्टमार्टम के बिना अंतिम संस्कार नहीं किया जाएगा। उच्चाधिकारियों ने परिजनों को समझाया, जिसके बाद पोस्टमार्टम कराने को वह राजी हुए। अजीत प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहा था। उसके पिता शिव प्रताप यादव पुलिस में ड्राइवर हैं। वर्तमान में पनकी थाने की पीआरवी में तैनाती है। यही नहीं, अजीत पिछले चार साल से डिप्रेशन में था। लखनऊ से उसका इलाज भी चल रहा था।