आगरा में शनिवार को मणप्पुरम गोल्ड डकैती कांड के बाद एत्मादपुर में पुलिस की मुठभेड़ में मारा गया आरोपी निर्दोष (29) ब्रिटेन जाना चाहता था। फिरोजाबाद के रसीदपुर कनेठा निवासी निर्दोष पढ़ाई में तेज था। उसके पिता माता प्रसाद और भाई सोनू के मुताबिक, निर्दोष ने हाईस्कूल से लेकर बीएससी तक प्रथम श्रेणी में पास की थी। इसके बाद वह चेन्नई चला गया। यहां पर सीएफटीआई से फुटवियर डिजायनिंग का कोर्स किया। दो साल तक नोएडा और देहरादून की कंपनी में नौकरी की।
वह दो साल पहले मुंबई गया था। मर्चेंट नेवी की तैयारी की। इस पर उसका चयन हो गया। उसे अप्रैल में ब्रिटेन जाना था। इसके लिए सभी कागजी कार्रवाई पूरी कर ली थी। मार्च में मुंबई भी गया था। सभी प्रक्रिया पूरी होने के बाद कोरोना की दूसरी लहर से वह ब्रिटेन नहीं जा सका था। निर्दोष का वीजा नहीं बन सका। अब अगस्त की तारीख मिली थी। मगर, इससे पहले ही परिवर को उसके मुठभेड़ में मारे जाने की जानकारी मिली।