ग्रॉस सैलरी का पूरा गणित
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ग्रॉस सैलरी का पूरा गणित
जब आपकी बेसिक सैलरी में कंपनी की तरफ से मिलने वाले सभी भत्ते जैसे मकान किराया, महंगाई भत्ता और मेडिकल अलाउंस जोड़ दिए जाते हैं, तो वह ग्रॉस सैलरी बनती है। सरल शब्दों में कहें तो, टैक्स और पीएफ की कटौती होने से पहले जो आपकी कुल कमाई दिखती है, वही आपकी ग्रॉस सैलरी कहलाती है।