बता दें कि इस साल ओडिशा ने चार देशों की महिला फुटबॉल टूर्नामेंट का आयोजन किया है। यह मार्च-अप्रैल में सुपर कप, जून में हॉकी सीरीज फाइनल (एक ओलंपिक क्वालीफाइंग इवेंट), जुलाई में कॉमनवेल्थ टेबल टेनिस चैम्पियनशिप और साल के अंत में एशियाई रोइंग (नौकायन) चैंपियनशिप की मेजबानी करेगा।
इतना ही नहीं ओडिशा राष्ट्रीय पुरुष और महिला हॉकी टीमों को प्रायोजित करता है, जो खेल के प्रति अपनी प्रतिबद्धता का एक और प्रमाण है। वहीं, राज्य ने 12 खेलों को शामिल करते हुए 16 स्पोर्ट्स छात्रावासों में युवाओं के प्रवेश के लिए एक अनौपचारिक स्वैच्छिक युवा समूह (बीजू युवा वाहिनी) से ट्राइबल स्पोर्ट्स मीट और टैलेंट-स्काउटिंग का आयोजन करके जमीनी विकास का भी ख्याल रखा है।
ओडिशा सरकार के पास पिछले साल 341.08 करोड़ का बजट था और यह राज्य अपने समग्र विकास के साथ आगे बढ़ने के लिए दृढ़ संकल्पित है। राज्य को एक स्पोर्ट्स हब बनाकर सरकार निवेश के अवसरों को आकर्षित करने और देश में एक अनूठी मिसाल कायम करने के लिए ओडिशा को एक ब्रांड बनाने का लक्ष्य लेकर चल रही है।
खेल में और ज्यादा विकास हो इसके लिए राज्य ने कई दिग्गज खिलाड़ियों के साथ समझौता किया है, जिनमें अभिनव बिंद्रा, पी. गोपी चंद, गगन नारंग और अनिल कुंबले शामिल हैं।