शरद पूर्णिमा के दिन पूजा के लिए सफेद या पीले रंग के वस्त्र पहनना शुभ माना जाता है।
- फोटो : Freepik
चांद को अर्घ्य देते समय इस मंत्र का करें जाप
शरद पूर्णिमा के दिन पूजा के लिए सफेद या पीले रंग के वस्त्र पहनना शुभ माना जाता है। घर के ईशान कोण यानी उत्तर-पूर्व दिशा में सफेद कपड़ा बिछाकर उस पर चंद्र देव और मां लक्ष्मी की प्रतिमा स्थापित करें। इसके बाद तांबे या चांदी के कलश में जल भरें और उसमें आम के पत्ते लगाकर ऊपर नारियल रखें। कलश पर कुमकुम, अक्षत और फूल अर्पित करें। मां लक्ष्मी की पूजा में रोली, चावल, पुष्प, दीप और भोग चढ़ाएं। इसके साथ लक्ष्मी चालीसा या लक्ष्मी स्तोत्र का पाठ भी कर सकते हैं। रात में चंद्रमा के दर्शन करने के बाद जल में थोड़ा दूध मिलाकर चंद्र देव को अर्घ्य दें। इस दौरान 'ॐ चंद्राय नमः' या 'ॐ सोमाय नमः' मंत्र का 11 या 108 बार जाप करें। इसके बाद खीर का भोग लगाएं और उसे कुछ समय के लिए खुले आकाश के नीचे चांदनी में रखें। अंत में चंद्र देव की आरती करें और प्रसाद ग्रहण करें।
डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): यहां दी गई जानकारी सामान्य मान्यताओं, ज्योतिष, पंचांग, धार्मिक ग्रंथों आदि पर आधारित है। यहां दी गई सूचना और तथ्यों की सटीकता, संपूर्णता के लिए अमर उजाला उत्तरदायी नहीं है।