फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Sawan Purnima: सावन पूर्णिमा पर इन कामों से बचें, वरना नहीं मिलेगा पूजा का पूरा फल

Mon, 24 Aug 2026 10:46 AM IST
श्वेता सिंह धर्म डेस्क, अमर उजाला

सार

Sawan Purnima Puja Rules: सावन पूर्णिमा का दिन भगवान शिव की पूजा, दान-पुण्य और धार्मिक कार्यों के लिए विशेष माना जाता है। मान्यता है कि इस दिन कुछ कार्यों से बचना चाहिए, वरना पूजा का पूरा फल नहीं मिल पाता। आइए जानते हैं सावन पूर्णिमा पर किन कामों को करने से बचना चाहिए।

विज्ञापन
1 of 6
सावन पूर्णिमा नियम - फोटो : amar ujala
Sawan Purnima Niyam: हिंदू धर्म में सावन पूर्णिमा का विशेष धार्मिक और आध्यात्मिक महत्व माना जाता है। यह दिन पवित्र सावन महीने के समापन के साथ-साथ रक्षाबंधन के पर्व के लिए भी खास होता है। इस अवसर पर भगवान शिव और माता पार्वती के साथ मां लक्ष्मी की पूजा-अर्चना करने की परंपरा है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, सावन पूर्णिमा पर स्नान, व्रत, पूजा-पाठ और जरूरतमंदों को दान करने से व्यक्ति को पुण्य की प्राप्ति होती है और भगवान शिव की कृपा बनी रहती है। हालांकि, इस दिन कुछ ऐसे काम भी बताए गए हैं, जिन्हें करने से पूजा का शुभ फल प्रभावित हो सकता है। कई बार लोग अनजाने में ऐसी गलतियां कर बैठते हैं, इसलिए सावन पूर्णिमा के दिन पूजा और धार्मिक कार्यों से जुड़े नियमों का ध्यान रखना जरूरी है। आइए जानते हैं इस पावन दिन किन गलतियों और कामों से बचना चाहिए।
विज्ञापन

2 of 6
किस दिन मनाएं सावन पूर्णिमा - फोटो : अमर उजाला

किस दिन मनाएं सावन पूर्णिमा?
पंचांग के अनुसार, सावन शुक्ल पक्ष की पूर्णिमा तिथि 27 अगस्त 2026 को सुबह 9:09 बजे से शुरू होगी और अगले दिन यानी 28 अगस्त 2026 को सुबह 9:47 बजे समाप्त हो जाएगी। चूंकि 28 अगस्त को सूर्योदय के समय पूर्णिमा तिथि मौजूद रहेगी, इसलिए उदया तिथि के आधार पर सावन पूर्णिमा का पर्व 28 अगस्त 2026, शुक्रवार को मनाया जाएगा। यानी इस साल सावन पूर्णिमा और इससे जुड़े धार्मिक अनुष्ठान 28 अगस्त को करना शुभ माना जाएगा।

विज्ञापन

3 of 6
सावन पूर्णिमा पर इन बातों का रखें ध्यान - फोटो : AI

सावन पूर्णिमा पर इन बातों का रखें ध्यान

  • शिवलिंग पर कुछ चीजें न चढ़ाएं: सावन पूर्णिमा पर भगवान शिव की पूजा करते समय पूजा सामग्री का विशेष ध्यान रखें। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार शिवलिंग पर तुलसी दल, हल्दी और सिंदूर अर्पित नहीं किया जाता। केतकी का फूल चढ़ाना भी वर्जित माना गया है।

 

4 of 6
पूजा स्थल की स्वच्छता रखें - फोटो : AI
  • पूजा स्थल की स्वच्छता रखें: पूजा से पहले स्नान करके साफ कपड़े पहनें और पूजा की जगह को अच्छी तरह साफ रखें। पूजा सामग्री भी स्वच्छ स्थान पर रखें और आसपास किसी तरह की गंदगी न रहने दें।

 
विज्ञापन

5 of 6
जरूरतमंदों की मदद और दान करना भी शुभ माना जाता है।
  • किसी का अपमान न करें: इस पवित्र दिन पर वाद-विवाद, अपशब्द बोलने और किसी को दुख पहुंचाने से बचें। मन में सकारात्मक विचार रखें और सभी के प्रति प्रेम व सम्मान का भाव रखें। जरूरतमंदों की मदद और दान करना भी शुभ माना जाता है।

विज्ञापन
विज्ञापन

6 of 6
प्रसाद का अनादर न करें - फोटो : adobe stock
  • प्रसाद का अनादर न करें: पूजा के बाद भगवान को चढ़ाया गया प्रसाद श्रद्धापूर्वक परिवार और अन्य लोगों में बांटें। प्रसाद को फेंकने या उसका अनादर करने से बचें। पूजा में इस्तेमाल हुई सामग्री को भी इधर-उधर न फेंकें, बल्कि उचित धार्मिक विधि से उसका विसर्जन करें।

डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): यहां दी गई जानकारी सामान्य मान्यताओं, ज्योतिष, पंचांग, धार्मिक ग्रंथों आदि पर आधारित है। यहां दी गई सूचना और तथ्यों की सटीकता, संपूर्णता के लिए अमर उजाला उत्तरदायी नहीं है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें