मिट्टी के कलश में जल भरकर उसके ऊपर सत्तू का पात्र रखकर दान करना शुभ माना जाता है।
- फोटो : adobe stock
सतुवाई अमावस्या पर क्या करें
- सतुवाई अमावस्या के दिन ब्रह्म मुहूर्त में उठकर गंगा स्नान करें।यदि संभव न हो तो घर के स्नान जल में गंगाजल मिलाकर स्नान करना चाहिए
- स्नान के बाद तांबे के लोटे में जल, लाल चंदन और फूल डालकर भगवान सूर्य को अर्घ्य दें।
- इसके बाद दक्षिण दिशा की ओर मुख करके पितरों के नाम से जल और काले तिल अर्पित करने चाहिए।
- इसके बाद ॐ पितृभ्य नमः मंत्र का जाप करना चाहिए।
- मिट्टी के कलश में जल भरकर उसके ऊपर सत्तू का पात्र रखकर दान करना शुभ माना जाता है।
- इस दिन मौसमी फल और वस्त्रों का दान करना भी अत्यंत फलदायी होता है।
- ब्राह्मणों को भोजन कराना और उनका आशीर्वाद लेना विशेष पुण्य प्रदान करता है।
- 8 जरूरतमंद लोगों को कच्चा अनाज यानी सीधा दान करना भी बहुत शुभ माना जाता है।
डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): यहां दी गई जानकारी सामान्य मान्यताओं, ज्योतिष, पंचांग, धार्मिक ग्रंथों आदि पर आधारित है। यहां दी गई सूचना और तथ्यों की सटीकता, संपूर्णता के लिए अमर उजाला उत्तरदायी नहीं है।