सीकर में प्रवचन देते जैन मुनि तरुणसागर महाराज
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सरलता से बयां करते थे गूढ़ बात
संत श्री तरुण सागर जी के प्रवचन में जीवन की गूढ़ से लेकर सामान्य बातों का समावेश होता था। जैसे संत श्री ने संस्कारों का महत्व बताते हुए लोगों को अगाह किया कि घर में बहू लाना, बहूरानी मत लाना, क्योंकि घर में बहू आएगी तो संस्कार लेकर आएगी लेकिन बहूरानी कार लेकर आएगी। जो संस्कार लेकर आएगी वह सिर के बल चली आएगी लेकिन जो कार लेकर आएगी वह अपनी ही सरकार चलाएगी