कन्या पूजन का महत्व
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कन्या पूजन के माध्यम से ऋषि-मुनियों ने हमें स्त्री वर्ग के सम्मान की ही शिक्षा दी है। नवरात्रि में देवी भक्तों को यह संकल्प लेना चाहिए कि वे आजीवन बच्चियों और महिलाओं को सम्मान देंगे और उनकी सुरक्षा के लिए सदैव प्रयत्नशील रहेंगे। तभी सही मायनों में नवरात्र की शक्ति पूजा संपन्न होगी।कन्या पूजन का सामाजिक दृष्टिकोण से भी गहरा महत्व है। यह परंपरा हमें नारी शक्ति और बालिकाओं के सम्मान का संदेश देती है। भारतीय संस्कृति में नारी को सृष्टि का आधार और मां के रूप में पूजा गया है। कन्या पूजन इस विचार को और सुदृढ़ करता है कि स्त्री शक्ति के बिना समाज का अस्तित्व अधूरा है। कन्याओं को सम्मान और पूजन करना समाज में कन्याओं के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण को बढ़ावा देता है। यह संदेश देता है कि बेटियाँ बोझ नहीं बल्कि शक्ति और सौभाग्य का प्रतीक हैं।
वैदिक विभूषण ज्योतिषाचार्य पं.मनोज कुमार द्विवेदी
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