मित्रता तो हम सब करते हैं और कई दोस्त बनाते हैं, उनके साथ घूमते हैं काम करते हैं, और अपने जीवन के अच्छे और बुरे हर कार्य में शामिल करते हैं लेकिन आचार्य चाणक्य मे अपनी नीतियों में कुछ बातें बताई हैं, मित्र बनाते समय इन बातों को अवश्य ध्यान में रखना चाहिए। क्योंकि वे दोस्त ही होते हैं जो हमारे जीवन के हर पहलू से अवगत होते हैं। हमारी सफलता का श्रेय अगर अच्छे दोस्तों को जाता है तो असफल होने के पीछे भी बुरे दोस्त और उनकी संगति होती है। इसलिए अगर मित्र बनाते समय चाणक्य नीति की बातों पर अमल किया जाए तो व्यक्ति अपने जीवन में कभी असफल नहीं होता है। चाणक्य की बातों की जीवन में गांठ बांध लेना चाहिए। जानते हैं..