पद्म पुराण के अनुसार एक कथा है। अयोध्या के ज्योतिषियों ने राजा दशरथ का बताया की शनिदेव कृत्तिका नक्षत्र के अंत में पहुंच गए हैं और रोहिणी नक्षत्र को पार करके आगे बढ़ेंगे। ज्योतिषों ने इसके बारे में राजा दशरथ को चेताया कि ऐसा होने से 12 सालों तक भयंकर अकाल पड़ेगा और लोग पानी को तरसेंगे।