जगन्नाथ रथ यात्रा
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पांचवें दिन हेरा पंचमी पर माता लक्ष्मी अपने पति जगन्नाथ से मिलने गुंडीचा मंदिर जाती हैं। नौवें दिन, बहुदा यात्रा के दौरान देवता वापस जगन्नाथ मंदिर लौटते हैं। इस यात्रा में चेरा पाहरा अनुष्ठान भी होता है, जिसमें पुरी के राजा रथों की सफाई करते हैं, जो समानता का संदेश देता है। यह पर्व भक्ति, एकता और सांस्कृतिक धरोहर का अनुपम संगम है।
डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): ये लेख लोक मान्यताओं पर आधारित है। इस लेख में शामिल सूचना और तथ्यों की सटीकता, संपूर्णता के लिए अमर उजाला उत्तरदायी नहीं है।