सिख धर्म के पहले गुरु और संस्थापक गुरु नानक देव का जन्म कार्तिक पूर्णिमा के दिन मनाया जाता है। इस दिन को प्रकाश पर्व के रूप में मनाया जाता है। कार्तिक पूर्णिमा के दिन गुरुद्वारों और अन्य स्थानों पर कई तरह के धार्मिक और सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया जाता है। सिख धर्म के अनुयाइयों के अलावा अन्य धर्म के लोग भी इस दिन को बड़े ही धूमधाम से प्रकाश उत्सव और गुरु पर्व के रूप में मनाते हैं। गुरुनानक देव ने समाज को एकता में बांधने और जाति-पाति को मिटाने के लिए कई उपदेश दिए थे। गुरु पर्व के अवसर पर आइए जानते हैं गुरु नानक देव जी के दिए गए उपदेशो के बारे में।