एचपीयू के यूनिवर्सिटी इंस्टीट्यूट ऑफ इन्फॉरमेशन एंड टेक्नोलॉजी (यूआईसीटी) में तीन कोर्स शुरू करने की तैयारी है।जून माह में शुरू होने वाले शैक्षणिक सत्र से बी-टेक इलेक्ट्रिकल, सिविल इंजीनियरिंग और इलेक्ट्रॉनिक्स एंड क म्यूनिकेशन कोर्स शुरू हो सकते हैं। ये तीनों कोर्स सेल्फ फाइनेंसिंग में चलाए जाने हैं। इसमें निजी शिक्षण संस्थानों की तर्ज पर छात्रों से पूरी फीस ली जाती है।
विवि वित्त कमेटी और विवि कार्यकारी परिषद की जनवरी माह में हुई बैठक में कोर्स शुरू करने को मंजूरी मिली है। कोर्सों को पढ़ाने के लिए 39 फैकल्टी, 14 गैर शिक्षक कर्मचारियों का स्टाफ सेल्फ फाइनेंसिंग से एकत्र होने वाले बजट से ही रखे जाने को भी मंजूरी मिली है।
विश्वविद्यालय नए सत्र से इन तीनों कोर्स को शुरू करता है तो प्रदेश के युवाओं बाहर या निजी शिक्षण संस्थानों में नहीं जाना पड़ेगा। विश्वविद्यालय के यूआईआईटी में शुरू होने वाले इन तीनों कोर्स को चलाने को भवन की समस्या भी नहीं है।
अब शिक्षकों की भर्ती और प्रवेश की प्रक्रिया और तैयारियां विवि कब तक पूरी करेगा। इसी पर निर्भर करेगा कि विवि कोर्स शुरू भी कर पाएगा, या नहीं। विश्वविद्यालय के जनसंपर्क अधिकारी डॉ. रणवीर वर्मा ने कहा कि जून माह से नए सत्र की प्रवेश प्रक्रिया के साथ ही यूआईआईटी में इन तीनों का मंजूरी कोर्स को शुरू करने की तैयारी की जा रही है।
वित्त कमेटी और कार्यकारी परिषद के फैसले को लेकर ऑल इंडिया टेक्निकल एजूकेशन काउंसिल (एआईसीटी) को अवगत करवाया गया है। वहां से कोर्स चलाने को मंजूरी मिलते ही आगे की तैयारियां शुरू कर दी जाएंगी।
तीन कोर्सों में होंगी 60-60 सीटें
ईसी से इन कोर्स के लिए मंजूर कुल 39 पदों में तीन प्रोफेसर, छह सह-आचार्य और 30 सहायक आचार्य रखे जाने हैं। गैर शिक्षकों के 14 पद सेल्फ फाइनेंसिंग फंड से भरे जाने हैं। उन्होंने माना कि प्रदेश तकनीकी विश्वविद्यालय में भी यह कोर्स चलाए जा रहे हैं। तीनों कोर्स में 60-60 सीटें भरे जाने की योजना है।