Women's Equality Day: महिलाएं हर क्षेत्र में पुरुषों के साथ कंधे से कंधा मिलाकर चल रही हैं। महिलाओं को समाज के हर वर्ग में समानता का अधिकार दिलाने के लिए हर साल 26 अगस्त को महिला समानता दिवस मनाया जाता है। महिलाओं की इसी समानता के अधिकार के लक्ष्य को हासिल करने के लिए नेशनल डिफेंस एकेडमी में महिलाओं के दाखिले भी होने लगते हैं। अब सबसे बड़ी डिफेंस परीक्षा एनडीए एंट्रेंस एग्जाम में लड़कों के साथ ही लड़कियां भी शामिल हो सकती हैं। एक साल पहले ही सुप्रीम कोर्ट ने इस बाबत फैसला सुनाया था। जिसके बाद इस साल एनडीए की पहली महिला बैच के लिए प्रवेश परीक्षा आयोजित की गई। एनडीए महिला बैच के लिए हुए एंट्रेंस परीक्षा में जिस लड़की ने टॉप किया, उसकी सफलता हर लड़की की सफलता है। इतिहास के पन्नों पर एनडीए पहली महिला बैच की एंट्रेंस परीक्षा की टॉपर का नाम दर्ज हो चुका है। उनका नाम शनन ढाका है। चलिए जानते हैं महिला समानता दिवस पर एनडीए के पहले महिला बैच के एंट्रेंस एग्जाम की टाॅपर शनन ढाका के बारे में।
कौन हैं शनन ढाका
शनन ढाका रोहतक जिले की रहने वाली हैं। साल 2022 में पहली महिला बैच के लिए हुई प्रवेश परीक्षा में शनन ढाका ने टॉप किया है। उनकी उम्र 19 साल है। शनन रोहतक के एक छोटे से गांव सुंडाना से ताल्लुक रखती हैं। शनन का चयन लेफ्टिनेंट पद पर हुआ है। उनकी इस उपलब्धि पर न केवल उनके परिवार और जिले को बल्कि पूरे देश को गर्व है।
सैनिक परिवार से रखती हैं ताल्लुक
टॉपर शनन ढाका एक सैनिक परिवार से ताल्लुक रखती हैं। शनन के दादा सेना में सूबेदार चंद्रभान ढाका थे, तो वहीं उनके पति नायब सूबेदार विजय कुमार ढाका हैं। पिता और दादा से प्रेरित होकर ही शनन ढाका ने आर्मी में भर्ती होने का फैसला लिया। बचपन से ही सेना के परिवेश में पली बढ़ी शनन पिता व दादा की पोस्टिंग के दौरान छावनी क्षेत्रों में ही रहीं हैं। उन्होंने बचपन से सेना के अधिकारियों के लिए सम्मान, राष्ट्र सेवा का जज्बा, देश की गौरवपूर्ण वर्दी को देखा, जो उन्हें सेना में शामिल होने के लिए हमेशा प्रेरित करता रहा।
शनन ढाका की ओवरऑल रैंक 10
एक बार शनन ढाका के स्कूल में एनडीए मॉक टेस्ट था, उस दौरान लड़कियां भी माॅक टेस्ट में बैठना चाहती थीं लेकिन उन्हें अनुमति नहीं मिली। इस परीक्षा में केवल लड़के ही शामिल हो सकते थे। शनन ढाका इस वजह से उदास हो गई थीं। लेकिन पिछले साल 2021 में सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद भारत सरकार ने एनडीए में लड़कियों को प्रवेश लेने की अनुमति दी और प्रवेश परीक्षा के लिए लिखित टेस्ट नवंबर में आयोजित किया, तो शनन ने झट से इसके लिए तैयारियां शुरु करते हुए एग्जाम पास किया। शनन ढाका ने पहले लिखित परीक्षा पास की, उसके बाद पांच दिन तक चले इंटरव्यू को क्लीयर कर महिला बैच की टॉपर बन गईं। शनन ढाका की ओवरऑल रैंक 10 आई है। वहीं उन्हें सेना में लेफ्टिनेंट पद पर चयनित किया गया है।