केंद्रीय रेल राज्य मंत्री रवनीत बिट्टू
- फोटो : अमर उजाला
बिट्टू ने की एनडीआरएफ टीम से सीख लेने की अपील
केंद्रीय राज्य मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू ने कहा कि होशियारपुर में एक 3 साल का बच्चा गलती से एक बोरवेल में गिर गया था, जिसे नेशनल डिज़ास्टर रिस्पॉन्स फोर्स के बहादुर जवानों ने सुरक्षित बचा लिया।
ये हीरो अलग-अलग राज्यों से आते हैं, अलग-अलग भाषाएं बोलते हैं, और अलग-अलग समुदायों से ताल्लुक रखते हैं लेकिन जब एक बच्चे की जान बचाने की बात आई, तो वे भारतीय बनकर एकजुट हो गए। उन्होंने जाति, धर्म या क्षेत्र के बारे में नहीं पूछा। उनका एकमात्र मकसद एक कीमती जान बचाना था। यही भारत की सच्ची भावना है विविध फूलों का एक खूबसूरत गुलदस्ता, जो इंसानियत और राष्ट्रीय एकता के धागे से एक साथ बंधा हुआ है।
उन लोगों के लिए एक विनम्र संदेश, जो दूसरे राज्यों के लोगों के साथ नफरत से पेश आते हैं। ये वे एजेंसियां हैं जो अपनी-अपनी तय भूमिकाओं में काम कर रही हैं, जैसे सीबीआई, ईडी और एनडीआरएफ। जब भी हमारा मन दूसरे राज्यों के लोगों पर इल्ज़ाम लगाने का करे, तो हमें याद रखना चाहिए कि आज, उन्हीं भारतीयों ने मिलकर हमारे अपने एक पंजाबी बच्चे की जान बचाई। आइए, हम एनडीआरएफ से सीख लें। इंसानियत और 'राष्ट्र प्रथम' हमेशा सभी तरह के बँटवारों से ऊपर होने चाहिए।