यह मुख्य द्वार है। सुरक्षाकर्मी तीर्थयात्रियों की जांच कर रहे हैं। आपत्तिजनक सामान नहीं पाए जाने पर आगे की यात्रा शुरू होती है। भक्तगण सुरक्षा जांच के लिए कतार में खड़े हैं लेकिन हम आपको आगे ले चलते हैं।
विज्ञापन
घर बैठे दर्शन कीजिए मां वैष्णो देवी के
2 of 8
माता ने यहां अपने वाणों से निर्मल जल धारा उत्पन्न किया था। हनुमान जी ने इसी जलधारा में पानी पीकर प्यास बुझाई थी। भक्तगण इस जलधारा में स्नान करके नए वस्त्र पहनते हैं और भवन की ओर बढ़ चलते हैं।
विज्ञापन
घर बैठे दर्शन कीजिए मां वैष्णो देवी के
3 of 8
यह मां के चरण चिन्ह हैं। माता अपने पीछे आ रहे भैरोनाथ को देखने के लिए रूकी थी। पत्थर पर मां के चरण चिन्ह बन गए। यह स्थान चरण पादुका के नाम से जाना जाता है।
घर बैठे दर्शन कीजिए मां वैष्णो देवी के
4 of 8
भौरोनाथ से छिपकर माता ने यहां नौ महीनों तक विश्राम किया था। माना जाता है कि इस गुफा की बनावट गर्भ की तरह है इसलिए इसे गर्भजून भी कहते हैं।
विज्ञापन
घर बैठे दर्शन कीजिए मां वैष्णो देवी के
5 of 8
जो तीर्थयात्री हवाई मार्ग से भवन की यात्रा करना चाहते हैं उनके लिए हैलीकॉप्टर की सुविधा उपलब्ध है। माता के भवन से कुछ दूरी पर बना हैलीपैड सांझी छत। यहां से माता का भवन दिखने लगता है।
विज्ञापन
घर बैठे दर्शन कीजिए मां वैष्णो देवी के
6 of 8
मां वैष्णो की गुफा में प्रवेश करने से पहले एक चबूतरे पर मां दुर्गा की भव्य प्रतिमा मौजूद है। भक्त पहले मां दुर्गा के दर्शन करते हैं फिर गुफा में प्रवेश करते हैं।
विज्ञापन
घर बैठे दर्शन कीजिए मां वैष्णो देवी के
7 of 8
मां अपने भक्तों की मनोकामना पूरी करने के लिए अपने भवन में विराजमान हैं। सरस्वती, लक्ष्मी और काली की पिंडी के साथ मां वैष्णो के दर्शन कीजिए। बोलिए जयकारा शेरावाली का।
माता के त्रिशूल से कटकर भौरोनाथ का सिर इस स्थान पर आकर गिरा था। वैष्णो देवी के दर्शन के बाद भौरोनाथ का दर्शन किया जाता है। कल पाकिस्तान में स्थित शक्तिपीठ के दर्शन कीजिए।