फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जंगल के नहीं, ये हैं शहर के मोगली

विज्ञापन
1 of 12
आपने मोगली के बारे में किस्से-कहानियां तो बहुत सुनी होंगी लेकिन ये जंगल के मोगली नहीं बल्कि शहर का मोगली हैं।
विज्ञापन

जंगल के नहीं, ये हैं शहर के मोगली

2 of 12
ये बेहद खूबसूरत तस्वीरें इन बच्चों की मां ने अपने प्रोफेशनल कैमरे से खींची हैं।

विज्ञापन

जंगल के नहीं, ये हैं शहर के मोगली

3 of 12
रूस की इलेना शुमिलोवा ने अपने दोनों अच्चों यारोस्लेव और वान्या की ये तस्वीरें 2012 में लेनी शुरू की थीं।

जंगल के नहीं, ये हैं शहर के मोगली

4 of 12
वो बताती हैं कि एक ओर जहां सामान्य बच्चे जानवरों से डरते हैं वहीं ये दोनों जानवरों के काफी करीब हैं।
विज्ञापन

जंगल के नहीं, ये हैं शहर के मोगली

5 of 12
इलेना ने बताया कि दो साल के वान्या को खरगोश के साथ खेलना बहुत पसंद है।
विज्ञापन

जंगल के नहीं, ये हैं शहर के मोगली

6 of 12
एक ओर जहां वान्या की उम्र 2 साल है वहीं यारोस्लेव की उम्र 5 है साल। लेकिन दोनों ही जानवरों से बेहद करीब हैं।
विज्ञापन

जंगल के नहीं, ये हैं शहर के मोगली

7 of 12
इन बच्चों की मां का कहना है कि उनके बच्चे बचपन से ही इन जानवरों के बेहद करीब है।

जंगल के नहीं, ये हैं शहर के मोगली

8 of 12
इलेना का कहना है कि उनके बच्‍चे कुत्ता, बत्तख, खरगोश और बत्तख के बेहद करीब हैं।

जंगल के नहीं, ये हैं शहर के मोगली

9 of 12
इलेना चाहती हैं कि वो अपने बच्चों की ज्यादा से ज्यादा तस्वीरें खींचना चाहती हैं, ताकि उन्हें डॉक्यूमेंट्री का रूप दे सकें।

जंगल के नहीं, ये हैं शहर के मोगली

10 of 12
वो बताती हैं कि उनके बच्चे इन जानवरों को अपना सबसे अच्छा दोस्त मानते हैं।

जंगल के नहीं, ये हैं शहर के मोगली

11 of 12
इलेना को फोटोग्राफी के अलावा पेंटिंग का भी शौक है।
विज्ञापन

जंगल के नहीं, ये हैं शहर के मोगली

12 of 12
...और ये हैं उन बच्चों की मां इलेना (www.dailymail.co.uk)
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें