फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Yoga Tips: हीट स्ट्रोक से बिगड़ सकती है तबीयत, गर्मी में शरीर को ठंडा रखने के लिए करें ये आसन

Sun, 23 Apr 2023 11:38 AM IST
शिवानी अवस्थी लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
विज्ञापन
1 of 5
गर्मियों में शरीर को ठंडा रखने के लिए करें ये योग - फोटो : istock
Yoga Tips: गर्मियों में तापमान बहुत अधिक बढ़ जाता है। तेज धूप और उमस वाली गर्मी के कारण कई तरह की समस्याएं हो सकती हैं। भीषण गर्मी के कारण हीट स्ट्रोक और थकावट जैसी समस्याएं काफी अधिक महसूस होने लगती हैं। साथ ही लू लगने से भी तबीयत खराब हो सकती है। विशेषज्ञ लू या हीट स्ट्रोक से बचाव के लिए शरीर को हाइड्रेट रखने की सलाह देते हैं। इसके लिए पानी, जूस, खीरा और फलों के सेवन करना चाहिए। हालांकि जब लोग धूप में लंबे समय के लिए रहते हैं या कोई थकावट वाला काम जैसे एक्सरसाइज आदि करते हैं, तब भी हीट स्ट्रोक होने की संभावना बढ़ जाती है। अगर सही समय पर इसका उपचार न किया जाए तो स्वास्थ्य पर नकारात्मक असर पड़ सकता है। गर्मियों को खुद को हाइड्रेट रखने के साथ ही बढ़ते तापमान में शरीर को ठंडा रखने की जरूरत होती है। शरीर का तापमान बढ़ने से रोकने और बहुत अधिक गर्मी महसूस होने से बचने के लिए कुछ योगासनों का अभ्यास नियमित तौर पर करना चाहिए। योग हीट स्ट्रोक, लू और थकावट जैसी समस्याओं से राहत पहुंचा सकता है। अगली स्लाइड्स में जानिए बढ़ते तापमान के बीच शरीर को ठंडा रखने के लिए गर्मियों के योगासनों के बारे में।
विज्ञापन

2 of 5
बद्ध कोणासन - फोटो : istock
बद्ध कोणासन

बद्ध कोणासन शरीर को ठंडा रखने में मदद करता है। इस आसन के अभ्यास से थकान व तनाव की समस्या नहीं होती और साइटिका व हार्निया में भी फायदा मिलता है। इस आसन को करने के लिए पैर सीधा करके बैठ जाएं। तितली आसन की तरह घुटने मोड़कर तलवे को एक दूसरे से टच कराएं। घुटनों को नीचे की ओर जमीन छूनें तक दबाएं। इस दौरान दोनों पैरों को हाथों से पकड़ें। ध्यान रखें कि शरीर के लचीले होने तक इस आसन को करें।
विज्ञापन

3 of 5
शीतली प्राणायाम
शीतली प्राणायाम

शीतली प्राणायाम के अभ्यास से भूख, प्यास कंट्रोल रहती हैं और मन को शांति मिलती है। इसके आसन के अभ्यास से ब्लड प्रेशर काबू में रहता है। इस आसन को करने के लिए सुखासन की मुद्रा में बैठकर श्वास अंदर लें। फिर मुंह बंद करके कुछ देर सांसों को रोक कर रखें। बाद में नाक से श्वास छोड़ें। इस प्रक्रिया को 10-11 बार दोहराएं।

4 of 5
भ्रामरी प्राणायाम - फोटो : Istock
भ्रामरी प्राणायाम

इस आसन करने के लिए सीधे बैठकर काम और आंख को क्रमश: मध्यमा और अनामिका उंगली से बंद करें। अब तर्जनी को माथे पर कनिष्ठिका को ठोढ़ी पर रखकर ओम का उच्चारण करें। ध्यान रखें कि आसन को बुजुर्गों को नहीं करना चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन

5 of 5
पश्चिमोत्नासन योग के अभ्यास से लाभ - फोटो : Pixabay
नोट: यह लेख योगगुरु के सुझावों के आधार पर तैयार किया गया है। आसन की सही स्थिति के बारे में जानने के लिए किसी विशेषज्ञ से संपर्क कर सकते हैं।

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें। 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें