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Senior Citizen Yoga Tips: बुज़ुर्गों के लिए सुरक्षित योग, 60 की उम्र के बाद किन आसनों से दोस्ती करें

Thu, 29 Jan 2026 09:57 AM IST
शिवानी अवस्थी लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

Senior Citizen Yoga Tips: योग शरीर को थकाए बिना स्वस्थ रहने का जरिया है। बढ़ती उम्र में योग जरूरी है। यह शारीरिक सक्रियता बढ़ाता है, मानसिक स्थिति शांत रखता है और अंदरूनी शक्ति प्रदान  करता है।  
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60 के बाद करें इन योगासनों का अभ्यास - फोटो : Freepik

उम्र बढ़ने से कमजोरी आना स्वाभाविक है। उम्र अनुभव और समझदारी लेकर आती है, तो वहीं कुछ स्वास्थ्य समस्याएं भी आयु के साथ बढ़ती हैं। 60 के बाद शरीर पहले जैसा तेज नहीं रहता। जोड़ों में दर्द, संतुलन बिगड़ना, अपच की समस्या, डायबिटीज और ब्लज प्रेशर की समस्या अधिकतर बुजुर्गों को हो जाती है। हालांकि सही योगासन अपनाकर संतुलन, लचीलापन और आत्मविश्वास ज़रूर लौटाया जा सकता है। योग शरीर को थकाए बिना स्वस्थ रहने का जरिया है। बढ़ती उम्र में योग जरूरी है। यह शारीरिक सक्रियता बढ़ाता है, मानसिक स्थिति शांत रखता है और अंदरूनी शक्ति प्रदान  करता है।  

60 की उम्र में बाद शरीर पर कुछ असर होते हैं, जैसे

  • जोड़ों में जकड़न और दर्द

  • ब्लड प्रेशर व शुगर की समस्या

  • नींद न आना और थकान

  • संतुलन बिगड़ना

  • मानसिक तनाव और अकेलापन

योग इन सब पर धीरे लेकिन गहराई से काम करता है। योग ध्यान और श्वास के ज़रिये मन को स्थिर करता है, नींद बेहतर करता है और जीवन के प्रति सकारात्मक दृष्टि लौटाता है।


योग शुरू करने से पहले ये सावधानियां ज़रूर रखें

  • खाली पेट या हल्का भोजन कर योग करें

  • तेज़ झटकों वाले आसन न करें

  • दर्द होने पर तुरंत रुकें

  • कुर्सी या दीवार का सहारा लेने में संकोच न करें

  • डॉक्टर की सलाह ज़रूर लें (अगर कोई बीमारी हो)

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ताड़ासन - फोटो : Amar ujala

ताड़ासन 

  • शरीर का संतुलन सुधारता है

  • रीढ़ को सीधा रखता है

  • आत्मविश्वास बढ़ाता है

इस आसन का अभ्यास दीवार का सहारा लेकर भी कर सकते हैं।

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वृक्षासन - फोटो : istock

वृक्षासन 

  • गिरने का डर कम करता है।

  • पैरों की ताकत बढ़ाता है।

कुर्सी या दीवार पकड़कर करें। बुजुर्गों को ये आसन सहारे से ही करना चाहिए।


 

पवनमुक्तासन 

  • गैस और कब्ज में लाभ

  • पेट हल्का रखता है

एक-एक पैर मोड़कर करें।

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बुजुर्गों को प्राणायाम करना चाहिए - फोटो : Adobe

भुजंगासन

  • पीठ दर्द में राहत

  • फेफड़ों की क्षमता बढ़ाता है

ज़्यादा झुकाव से बचें। हल्के रूप में अभ्यास करें।


 

6. प्राणायाम
 

  • अनुलोम-विलोम – ब्लड प्रेशर संतुलन
  • भ्रामरी – तनाव और बेचैनी कम

  • दीर्घ श्वास – फेफड़ों को मज़बूती

जोर न लगाएं, सांस को बहने दें।

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Vajrasana - फोटो : pexel

वज्रासन
 

  • पाचन सुधारता है
  • घुटनों पर कम दबाव डालता है।

इस आसन का अभ्यास खाने के बाद भी किया जा सकता है।

 

इन आसनों से दूरी रखें

ये आसन युवा शरीर के लिए हैं, बुज़ुर्गों के लिए नहीं। इसलिए बुजुर्गों को इन योगासनों के अभ्यास से बचना चाहिए।

  • शीर्षासन
  • सर्वांगासन
  • चक्रासन
  • कपालभाति (तेज़ गति)
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